विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

रेलकर्मियों को झटका : ऑफिस सुपरिंटेंडेंट भर्ती को सेवा अवधि में नहीं मिलेगी छूट, रेलवे बोर्ड ने खारिज किया AIRF की मांग

By Digital Desk Edited By: Brijesh Srivastava
Published: Fri, 31 Jul 2026 04:06 PM (IST)

रेलवे बोर्ड ने ऑफिस सुपरिंटेंडेंट भर्ती के लिए सेवा अवधि घटाने की एआइआरएफ की मांग खारिज कर दी है। अब ...और पढ़ें

रेलवे बोर्ड ने ओएस भर्ती में सेवा अवधि में छूट की मांग को ठुकरा दिया है।

रेलवे बोर्ड ने ओएस भर्ती में सेवा अवधि में छूट की मांग को ठुकरा दिया है।

HighLights

  1. ऑफिस सुपरिंटेंडेंट बनने के लिए कम से कम तीन वर्ष का अनुभव अनिवार्य

  2. 'सीमित विभागीय प्रतियोगी परीक्षा' (एलडीसीई) में शामिल होने के नियम तय

जागरण संवाददाता, प्रयागराज। अगर आप रेलवे कर्मचारी हैं और जल्द प्रमोशन पाकर ऑफिस सुपरिंटेंडेंट (ओएस) बनने का सपना देख रहे हैं, तो यह खबर आपके लिए बेहद अहम है। रेलवे बोर्ड ने कर्मचारियों की सेवा अवधि घटाने वाली मांग को सिरे से खारिज कर दिया है। इसका सीधा मतलब यह है कि अब इस पद की परीक्षा में बैठने के लिए कम से कम तीन वर्ष की नौकरी पूरी करनी ही होगी।

एआइआरएफ ने रेलवे बोर्ड से क्या की थी मांग?

रेलवे में ऑफिस सुपरिंटेंडेंट (लेवल-6, ग्रेड पे 4200 रुपये) के पद पर पदोन्नति के लिए आयोजित होने वाली 'सीमित विभागीय प्रतियोगी परीक्षा' (एलडीसीई) को लेकर रेलवे बोर्ड ने एक बड़ा फैसला सुनाया है। ऑल इंडिया रेलवेमेन फेडरेशन (एआइआरएफ) ने रेलवे बोर्ड से मांग की थी कि इस परीक्षा में शामिल होने के लिए न्यूनतम सेवा अवधि (पात्रता सेवा) को तीन साल से घटाकर दो साल कर दिया जाए। हालांकि, रेलवे बोर्ड ने इस प्रस्ताव को स्वीकार करने से इनकार कर दिया है।

रेलवे बोर्ड ने दिए तीन मुख्य कारण

रेलवे बोर्ड ने कहा है कि ऑफिस सुपरिंटेंडेंट (का पद एक पर्यवेक्षी (सुपरवाइसरी) पद है। बोर्ड का मानना है कि इस पद पर आने वाले कर्मचारी के पास काम का पर्याप्त अनुभव होना जरूरी है। अगर सेवा अवधि तीन वर्ष से घटाकर दो वर्ष कर दी जाएगी तो पर्यवेक्षी पदों पर अनुभवी कर्मचारियों को लाने का मूल उद्देश्य ही खत्म हो जाएगा।

अन्य विभागों से समानता

रेलवे बोर्ड ने स्पष्ट किया कि अन्य विभागों के लेवल-छह पर्यवेक्षी पदों (जैसे - जूनियर इंजीनियर / जेई) में भी एलडीसीई परीक्षा के लिए तीन वर्ष की ही न्यूनतम सेवा अवधि तय है (ड्राइंग कैडर को छोड़कर)। इसलिए किसी भी प्रकार की असमानता नहीं है।

पहले ही दी जा चुकी है छूट

रेलवे बोर्ड ने याद दिलाया कि एआइआरएफ की ही मांग पर वर्ष 2019 में इस कैडर के लिए पात्रता अवधि को पहले ही घटाया जा चुका है। ऐसे में अनुभव की शर्त में बार-बार ढील देना उचित और व्यावहारिक नहीं है।

तीन वर्ष की पात्रता सेवा अवधि का नियम लागू रहेगा

रेलवे बोर्ड के इस रुख से साफ है कि भविष्य में भी ऑफिस सुपरिंटेंडेंट (लेवल-छह) एलडीसीई परीक्षा के लिए तीन वर्ष की पात्रता सेवा अवधि का नियम लागू रहेगा। एआइआरएफ की मांग खारिज होने से जल्द प्रमोशन की उम्मीद लगाए बैठे कई युवा रेल कर्मचारियों को झटका लगा है।

30 जुलाई को आधिकारिक आदेश जारी

रेलवे बोर्ड के प्रिंसिपल एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर/ई (एनजी) अजय गोयल ने बताया कि 30 जुलाई को इसके लिए आधिकारिक आदेश जारी कर दिया गया है। आफिस सुपरिंटेंडेंट भर्ती के लिए सेवा अवधि में छूट नहीं मिलेगी, तीन साल का अनुभव होने पर ही कर्मचारी परीक्षा में शामिल हो सकेंगे।

यह भी पढ़ें- इलाहाबादी 'सुर्खा' व 'सफेदा' अमरूद की साख बचाने की तैयारी, फ्यूजीकांट फंगस रोग पर लगाएगा अंकुश

यह भी पढ़ें- प्रयागराज में यमुना पर बनेगा नया फोर लेन पुल, बढ़ेगी MP व छत्तीसगढ़-झारखंड की कनेक्टिविटी; मिलेगी जाम से मुक्ति

देश और दुनिया की ताजा खबरों के लिए Hindi News देखें। Live Cricket Score , IPO Listings, Shiv Chalisa, राशिफल और दुर्गा चालीसा पर अन्य जानकारी पाएं।