Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    RPF की ट्रेनिंग में सेंधमारी का प्रयास, प्रयागराज में पीलीभीत के एक व्यक्ति के खिलाफ मुकदमा दर्ज

    By tara chand Edited By: Brijesh Srivastava
    Updated: Sat, 04 Jul 2026 04:33 PM (IST)

    प्रयागराज में रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) की ट्रेनिंग में सेंधमारी का प्रयास सामने आया है। पीलीभीत के रोहित नामक व्यक्ति के खिलाफ कूटरचित दस्तावेजों से ...और पढ़ें

    प्रशिक्षण केंद्र सूबेदारगंज में आरपीएफ की ट्रेनिंग में कूटरचित तरीके से चयन का प्रयास करने वाले पर केस दर्ज हुआ है।

    प्रशिक्षण केंद्र सूबेदारगंज में आरपीएफ की ट्रेनिंग में कूटरचित तरीके से चयन का प्रयास करने वाले पर केस दर्ज हुआ है।

    HighLights

    1. दस्तावेजों की जांच में पता चला कि कूटरचित तरीके से चयन का प्रयास किया गया है

    2. प्रशिक्षण केंद्र सूबेदारगंज के सहायक उपनिरीक्षक ने धूमनगंज थाने में केस दर्ज कराया

    जागरण संवाददाता, प्रयागराज। रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) की ट्रेनिंग में सेंधमारी की कोशिश का मामला सामने आया है। प्रशिक्षण केंद्र सूबेदारगंज के सहायक उपनिरीक्षक जितेेंद्र सिंह की ओर से धूमनगंज थाने में पीलीभीत के शिवनगर लालापुर निवासी रोहित पुत्र झनकार के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है।

    कूटरचित तरीके से चयन का प्रयास किया

    आरोप है कि रोहित का नाम प्रशिक्षण के लिए उपलब्ध कराई गई सूची में अंकित था, लेकिन जब दस्तावेजों की जांच की गई तो पता चला कि कूटरचित तरीके से चयन का प्रयास किया गया। प्रथम दृष्टया संदिग्ध मानते हुए उसके खिलाफ अभियाेग पंजीकृत किया गया है।

    कागजात सत्यापन को बनाई गई टीम

    सुबेदारगंज स्थित उत्तर मध्य रेलवे आरपीएफ क्षेत्रीय प्रशिक्षण केंद्र में एक जुलाई से प्रशिक्षण चल रहा है। आरपीएफ के सहायक उपनिरीक्षक जितेंद्र सिंह का कहना है कि नवनियुक्त 82 कांस्टेबल/ रिक्रूट को 30 जून को रिपोर्ट करना था, जिसमें 70 ने रिपोर्ट किया। उनके डोजियर तैयार करने और कागजात के सत्यापन के लिए टीम बनाई गई।

    ऐसे पकड़ा गया फर्जीवाड़ा  

    दो जुलाई को डोजियर की जांच करने के दौरान पता चला कि रोहित पुत्र झनकार निवासी ग्राम लालपुर, शिवनगर, पीलीभीत का नाम प्रशिक्षण के लिए उपलब्ध कराई गयी सूची में अंकित नहीं मिला। साथ ही उसके कॉल लेटर में रोल नंबर था। जबकि वह रोल नंबर उपलब्ध सूची में क्रम संख्या 27 पर अंकित रोहित पुत्र बलराज सिंह था। इस आधार पर प्रथमदृष्टया पाया गया कि रोहित ने कूटरचित दस्तावेज के जरिए फर्जी ढंग से चयनित होना चाहता है। फिलहाल चौकी इंचार्ज राजरूपपुर जगदीश त्रिपाठी का कहना है कि तहरीर के आधार पर केस दर्ज किया गया है।

    खबरें और भी

    यह भी पढ़ें- प्रयागराज में सगे भाइयों की मौत मामले में गौरी समेत दो गिरफ्तार, आरोपित सपा विधायक व अन्य की तलाश में पुलिस की दबिश

    यह भी पढ़ें- अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा चोरी : आहत...आक्रोशित लेकिन चुप है आरोपित अविनाश का प्रतापगढ़ स्थित गांव