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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 30, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    राजस्व वसूली के मामले में यूपी सरकार को बड़ा झटका, राज्य कर विभाग के अफसरों में खलबली; ये है पीछे की वजह

    Updated: Sun, 30 Jun 2024 08:40 PM (IST)

    Revenue Collection राज्य कर विभाग ने जून में जमा किए जाने वाले कर की गणना की तो पता चला कि इस बार करीब 174 करोड़ रुपये जमा हुए हैं। इसमें सीमेंट सरिया ...और पढ़ें

    इस बार राजस्व वसूली के मामले में सरकार को बड़ा झटका
    इस बार राजस्व वसूली के मामले में सरकार को बड़ा झटका

    HighLights

    1. इस बार केवल 174 करोड़ राजस्व जमा
    2. एक-एक व्यापारियों का देखा जा रही खाता-बही
    3. पिछले वर्ष 186 करोड़ हुआ था जमा

    जागरण संवाददाता, प्रयागराज। Revenue Collection: पहली बार ऐसा हुआ, जब जमा होने वाले राजस्व को लेकर राज्य कर विभाग के अफसरों में खलबली मची है। इसके पीछे वजह यह है कि पिछले जून की अपेक्षा इस बार लगभग 12 करोड़ रुपये कम राजस्व विभाग को मिला है। जांच पड़ताल शुरू हुई तो पता चला कि सीमेंट और सरिया के कई कारोबारियों ने इस बार कम कर जमा किया है, जिस कारण विभाग को इतनी बड़ी चोट पहुंची है।

    राज्य कर विभाग ने जून में जमा किए जाने वाले कर की गणना की तो पता चला कि इस बार करीब 174 करोड़ रुपये जमा हुए हैं। इसमें सीमेंट, सरिया, आटो पार्ट्स, होटल समेत अन्य सेक्टर शामिल हैं। पिछले वर्ष जून के आंकड़े को देखा गया तो पता चला कि 186 करोड़ राजस्व मिला था, जो इस बार करीब 12 करोड़ रुपये कम है। इसकी जानकारी आला अफसरों को हुई तो खलबली मच गई।

    सीमेंट, सरिया कारोबारियों ने जमा किया कम कर

    सभी सेक्टरों से राजस्व जमा करने वाले कारोबारियों के अभिलेखों को देखा गया। इसमें सीमेंट, सरिया के सेक्टर को छोड़कर अन्य सभी सेक्टर से ठीक-ठाक राजस्व प्राप्त हुआ था। सीमेंट, सरिया के कारोबारियों के अभिलेखों को खंगाला गया तो मालूम हुआ कि इसमें कई ऐसे हैं, जिन्होंने इस बार पिछले वर्ष जून की अपेक्षा कम कर दिया है। ऐसा किन कारणों से हुआ, इसका पता लगाया जा रहा है।

    200 करोड़ राजस्व का था लक्ष्य

    विभागीय अधिकारियों की मानें तो उनका लक्ष्य इस बार 200 करोड़ राजस्व प्राप्त करने का था, लेकिन कहां खामी रह गई, अब इसकी समीक्षा की जा रही है। साथ ही सीमेंट, सरिया के जिन कारोबारियों ने कम कर का भुगतान किया है, उनके दस्तावेजों को विशेष तौर पर जांचा जा रहा है।

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