Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    अंबाला-शामली सिक्स लेन निर्माण कार्य ने पकड़ी गति, मार्च-2027 तक पूरा करने का लक्ष्य

    By Sanjeev Kumar Gupta Edited By: Praveen Vashishtha
    Updated: Mon, 03 Aug 2026 01:02 PM (IST)

    अंबाला-शामली सिक्स लेन हाईवे का 65% निर्माण कार्य पूरा हो चुका है, जिसे मार्च 2027 तक पूरा करने का लक्ष्य है। 4900 करोड़ की लागत से बन रहा यह 122 किमी ...और पढ़ें

    एनएचएआइ के अंबाला-शामली सिक्स लेन पर गंगोह इंटरचेंज पर चल रहा निर्माण कार्य। सौ. विभाग

    एनएचएआइ के अंबाला-शामली सिक्स लेन पर गंगोह इंटरचेंज पर चल रहा निर्माण कार्य। सौ. विभाग

    HighLights

    1. अंबाला-शामली सिक्स लेन हाईवे का 65% काम पूरा।

    2. मार्च 2027 तक निर्माण कार्य पूरा करने का लक्ष्य।

    3. 4900 करोड़ की लागत से बन रहा 122 किमी हाईवे।

    जागरण संवाददाता, सहारनपुर। अंबाला से शामली तक सिक्स लेन हाईवे निर्माण का 65 प्रतिशत कामकाज पूरा हो चुका है। 122 किमी लंबे हाईवे का 45 किमी हिस्सा शामली-सहारनपुर में आता है। लगभग 4900 करोड़ की लागत से निर्माणाधीन हाईवे के मार्च-2027 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। यह हाईवे सहारनपुर के गंगोह और तीतरो से होकर गुजर रहा है। गंगोह इंटरचेंज पर पुल का निर्माण तेजी से चल रहा है।

    भारतमाला परियोजना के अंतर्गत एनएचएआइ द्वारा अंबाला से शामली तक सिक्स लेन हाईवे का प्रस्ताव वर्ष-2021 में स्वीकृत हुआ था। निर्माण वर्ष-2023 में शुरू हुआ। निर्माण से हरियाणा को सीधे यूपी के सहारनपुर से होकर शामली को जोड़ा जाएगा। 122 किमी लंबे हाईवे के निर्माण पर 4900 करोड़ लागत आएगी। जिले के गंगोह और तीतरो से होकर गुजरने वाले हाईवे से इन क्षेत्रों की सीधे कनेक्टिविटी सिक्स लेन से हो जाएगी। हाईवे को दुर्घटना मुक्त बनाए जाने के लिए इस पर चलने वाले वाहनों को शुरुआत से गंतव्य तक के टोल का टैक्स वहन करना होगा। इससे पूरे हाईवे का टोल टैक्स देने से राहत मिलेगी।

    हाईवे पर कई स्थानों पर दिल्ली-देहरादून इकोनामिक कारिडोर की तर्ज पर रेस्ट एरिया बनाया जाएगा। यहां पर पेट्रोल, सीएनजी पंप, रेस्टोरेंट और शौचालय आदि की सुविधा सुलभ कराई जाएगी। इसका इस्तेमाल हाईवे पर चलने वाले यात्री कर सकेंगे। एनएचएआइ बागपत डिवीजन द्वारा शामली से सहारनपुर तक 45 किमी हाईवे का निर्माण कराया जा रहा है, जबकि 77 किमी का निर्माण अंबाला डिवीजन के अंतर्गत है।

    डेढ़ वर्ष पहले तीतरो क्षेत्र में भूमि अधिग्रहण के विरोध में किसानों ने लंबे समय तक धरना प्रदर्शन किया था। बाद में प्रशासन के साथ हुई सहमति के आधार पर कामकाज शुरू कराया गया था। एनएचएआइ अधिकारियों के अनुसार हाइवे का लगभग 65 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है। मार्च-2027 तक निर्माण कार्य पूरा करा लिया जाएगा।

    खबरें और भी