स्मार्टफोन को बनाया सफलता की सीढ़ी: सिर्फ YouTube से पढ़ाई कर बनीं 'मुख्य सेविका', संभल की रेनू ने पेश की मिसाल
यूट्यूब सिर्फ रील देखने के लिए नहीं है। संभल की रेनू प्रजापति ने महंगी कोचिंग के बिना, सिर्फ YouTube और ऑनलाइन नोट्स के दम पर मुख्य सेविका (533वीं रैं ...और पढ़ें

रेनू प्रजापति। सौ. स्वयं
HighLights
करीब 2600 पदों की भर्ती में 533वीं रैंक, बिना कोचिंग यूट्यूब और आनलाइन नोट्स से की तैयारी
संवाद सहयोगी, बहजोई (संभल)। इंटरनेट मीडिया आज केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं, बल्कि लाखों युवाओं के लिए शिक्षा और सफलता का सशक्त मंच बन चुका है। गुन्नौर तहसील के धनारी पट्टी लाल सिंह निवासी रेनू प्रजापति इसकी प्रेरक मिसाल हैं। सीमित संसाधनों के बीच उन्होंने वर्ष 2023 से विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी यूट्यूब के शैक्षणिक प्लेटफार्म, आनलाइन नोट्स और माक टेस्ट की मदद से शुरू की।
महंगी कोचिंग से दूरी बनाकर घर पर ही नियमित अध्ययन किया और जरूरत के अनुसार पुस्तकों का सहारा लिया। वर्ष 2025 में बाल विकास विभाग में मुख्य सेविका के पदों के लिए आवेदन किया। करीब 2600 पदों पर हुई भर्ती प्रक्रिया में उन्होंने 533वीं रैंक हासिल कर जनपद संभल में चयन पाया। वर्तमान में वह विकासखंड रजपुरा में मुख्य सेविका के पद पर कार्यरत हैं।
रेनू बताती हैं कि इंटरनेट मीडिया का सकारात्मक उपयोग करने वाले विद्यार्थियों के लिए यूट्यूब किसी डिजिटल कक्षा से कम नहीं है। कठिन विषयों को बार-बार देखकर समझा जा सकता है, विषय विशेषज्ञों के व्याख्यान निश्शुल्क उपलब्ध हैं और समय के अनुसार पढ़ाई की जा सकती है।
उनका कहना है कि एनसीईआरटी की ई-बुक, नोट्स और अध्ययन सामग्री भी आसानी से डाउनलोड हो जाती है, जिससे आर्थिक बोझ कम होता है। उनका मानना है कि फेसबुक और इंस्टाग्राम जैसे प्लेटफार्म भी केवल मनोरंजन तक सीमित नहीं हैं। इन पर पढ़ाई से जुड़े अनेक समूह और विशेषज्ञ लगातार उपयोगी सामग्री साझा करते हैं।
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दूसरों को भी जागरूक कर रहीं रेनू
रेनू आज अपने अनुभव के आधार पर अन्य युवाओं को भी इंटरनेट मीडिया का रचनात्मक उपयोग कर आत्मविश्वास के साथ प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने के लिए प्रेरित कर रही हैं।यदि विद्यार्थी सही कंटेंट का चयन करें और अनुशासन बनाए रखें तो इंटरनेट मीडिया गांव के युवाओं को भी बड़े शहरों जैसी गुणवत्तापूर्ण तैयारी का अवसर दे सकता है।
इंटरनेट मीडिया के प्रयोग के लिए सकारात्मक टिप्स
- यूट्यूब पर केवल विश्वसनीय शिक्षकों और शैक्षणिक चैनलों से पढ़ाई करें।
- टेलीग्राम पर परीक्षा से जुड़े नोट्स, पीडीएफ और टेस्ट सीरीज का लाभ लें।
- फेसबुक के अध्ययन समूहों से जुड़कर महत्वपूर्ण जानकारी और मार्गदर्शन प्राप्त करें।
- इंस्टाग्राम पर केवल शैक्षणिक और करियर से जुड़े पेज फॉलो करें, अनावश्यक सामग्री से बचें।
- व्हाट्सएप पर पढ़ाई के समूह बनाकर नोट्स और महत्वपूर्ण सूचनाओं का आदान-प्रदान करें।
- गूगल और गूगल बुक्स के माध्यम से विश्वसनीय अध्ययन सामग्री और संदर्भ खोजें।
- एनसीईआरटी की ई-बुक और सरकारी अध्ययन सामग्री ऑनलाइन डाउनलोड कर निश्शुल्क पढ़ाई करें।
- प्रतिदिन इंटरनेट मीडिया के उपयोग का समय तय करें और मनोरंजन की तुलना में पढ़ाई को प्राथमिकता दें।
- यूट्यूबर बनना चाहते हैं तो शिक्षा, खेती, तकनीक, करियर या सामाजिक जागरूकता जैसे सकारात्मक विषयों पर मौलिक कंटेंट तैयार करें।
- इंटरनेट मीडिया पर किसी भी जानकारी को साझा करने या उस पर भरोसा करने से पहले उसकी सत्यता की जांच अवश्य करें।
मैंने यूट्यूब को अपनी सबसे बड़ी ताकत बनाया। सही चैनलों का चयन कर नियमित पढ़ाई की और घर बैठे प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी पूरी की। इंटरनेट मीडिया का सकारात्मक उपयोग किया जाए तो बिना महंगी कोचिंग भी सफलता हासिल की जा सकती है। अनुशासन और निरंतर अभ्यास सबसे जरूरी हैं।
- रेनू प्रजापति।
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