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यूपी की महिला शिक्षकों ने CM योगी को भेजी राखी, रक्षाबंधन से पहले लेटर लिखकर रखी ये डिमांड

Published: Thu, 27 Aug 2026 10:54 PM (IST)

श्रावस्ती की बेसिक शिक्षा विभाग की शिक्षिकाओं ने रक्षाबंधन पर 'एक राखी-एक उम्मीद' अभियान चलाकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को राखी भेजी।

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HighLights

  1. शिक्षिकाओं ने 'एक राखी-एक उम्मीद' अभियान चलाया।

  2. मुख्यमंत्री को राखी भेजकर स्थानांतरण की मांग की।

  3. पारिवारिक जिम्मेदारियों के निर्वहन में कठिनाई बताई।

जागरण संवाददाता, श्रावस्ती। आकांक्षी जिले में कार्यरत बेसिक शिक्षा विभाग की शिक्षिकाओं ने रक्षाबंधन के अवसर पर अपनी मांग को अनूठे एवं भावनात्मक तरीके से सरकार तक पहुंचाने के लिए ‘एक राखी-एक उम्मीद’ अभियान चलाया। इसके तहत जिले में तैनात गैर जनपदों की शिक्षिकाओं ने सीएम को राखी भेजकर अपने परिवारों से दूर रहने की पीड़ा और गृह जनपद में स्थानांतरण की मांग की है।

गिलौला क्षेत्र के कंपोजिट विद्यालय उत्तमापुर की शिक्षिका गुरुचरण कौर, दिकौली की एकता मिश्रा, टीना वर्मा, केंद्रीय प्राथमिक विद्यालय इकौना की अल्पना पांडेय, अनुराधा, हरिहरपुररानी क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय केशवापुर की शशी शर्मा ने राखी के साथ एक भावनात्मक पत्र भी भेजा।

इसमें लंबे समय से आकांक्षी जनपद में सेवारत शिक्षिकाओं की परिस्थितियों का उल्लेख करते हुए वरिष्ठता के आधार पर अंतरजनपदीय स्थानांतरण की मांग की गई।

क्या है महिला शिक्षकों का कहना?

शिक्षिकाओं का कहना है कि वे अपने कर्तव्यों का पूरी निष्ठा से निर्वहन करते हुए वर्षों से गृह जनपद से दूर सेवाएं दे रही हैं। इससे माता-पिता की सेवा, बच्चों की देखभाल तथा पारिवारिक जिम्मेदारियों का निर्वहन कठिन हो जाता है।

रक्षाबंधन जैसे पर्व पर परिवार से दूर रहने की पीड़ा और भी गहरी हो जाती है। राखी भेजने के पीछे उद्देश्य किसी राजनीतिक विरोध का नहीं, बल्कि सरकार तक अपनी पारिवारिक पीड़ा और उम्मीद को संवेदनशील तरीके से पहुंचाना है।

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शिक्षिकाओं ने विश्वास जताया कि मुख्यमंत्री इस राखी को हजारों शिक्षक परिवारों की भावनाओं के प्रतीक के रूप में स्वीकार करेंगे। शिक्षिकाओं ने कहा कि वरिष्ठता आधारित, पारदर्शी एवं समयबद्ध अंतरजनपदीय स्थानांतरण की प्रक्रिया शुरू की जाए, ताकि वर्षों से परिवार से दूर रह रहीं शिक्षिकाओं को अपने गृह जनपद में सेवा करने का अवसर मिल सके।