पांच वर्ष में जर्जर हो गया 4 लाख से बना सामुदायिक शौचालय, रखरखाव के लिए हर माह मिल रहे छह हजार
सीतापुर के कसमंडा ब्लॉक में स्वच्छ भारत मिशन के तहत बने कई सामुदायिक शौचालय जर्जर हालत में हैं या बंद पड़े हैं। कैमा में 4 लाख का शौचालय पांच साल में ...और पढ़ें

पांच वर्ष में जर्जर हो गया 4 लाख से बना सामुदायिक शौचालय।

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संवाद सूत्र, कमलापुर (सीतापुर)। कसमंडा की ग्राम पंचायत कैमा में स्वच्छ भारत मिशन से पांच वर्ष पूर्व सामुदायिक शौचालय बनाया गया था। निर्माण पर चार लाख रुपये खर्च किए गए थे। इस अवधि में ही शौचालय का भवन पूरी तरह जर्जर हो गया है। इसमें गेट लगा न ही अंदर दरवाजे। लोग सुविधा से वंचित हैं। वहीं हर माह छह हजार रुपये रखरखाव शुल्क का भुगतान समूह को हो रहा है।
गांव के सुंदरलाल ने बताया कि इसका उपयोग नहीं हो रहा है। सरकार ने लाखों रुपये खर्च कर स्वच्छता को लेकर निर्माण करवाया था। उपेक्षा व अनदेखी से यह बदहाल है। राम देवी ने बताया कि इसकी सुविधा लोगों को मिली ही नहीं। सरकारी पैसा खर्च कर दिया गया, इसका हाल जानने की कोशिश नहीं की गई। आज तक पल्ले व गेट तक नहीं लगाया गया।
वहीं ग्राम पंचायत डोभा में बने सामुदायिक शौचालय निर्माण तीन वर्ष पहले कराया गया था। इसमें हमेशा ताला ही लगा रहता है। यहां भी हर माह रखरखाव शुल्क निकल रहा है। गांव के गोकरन ने बताया कि इसका ताला ही नहीं खोला जाता है।
सुनील कुमार ने बताया कि केयर टेकर भी तैनात है। लोगों को सुविधा नहीं मिल रही। हर माह समूह को रखरखाव शुल्क भुगतान हो रहा है। जोड़ौरा में शौचालय बना है पर पानी की सुविधा नहीं है। बिजली कनेक्शन नहीं है। लोग बाहर से पानी लेकर जाते हैं।
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सामुदायिक शौचालय सुबह-शाम खोलने के निर्देश हैं। शौचालय जर्जर हो गया, रखरखाव शुल्क भुगतान हो रहा है, इसकी जांच कराई जाएगी। दोषियों पर कार्रवाई होगी। -राकेश कुमार श्रीवास्तव, खंड विकास अधिकारी कसमंडा।