सीतापुर : रिकॉर्ड से पंचायत भवन की फाइल गायब, जांच शुरू होते ही तत्कालीन सचिव ने शुरू कराया मरम्मत का काम
हरगांव के बनिहार में 2019-20 में 24 लाख रुपये से बनने वाले पंचायत भवन का कार्य अधूरा है और उसकी पत्रावली भी गायब है। जांच और रिकवरी के आदेश के बाद तत् ...और पढ़ें

HighLights
बनिहार में 24 लाख के पंचायत भवन का कार्य अधूरा।
अधूरे कार्य पर ही 2019-20 में 24 लाख का भुगतान।
जांच शुरू होते ही तत्कालीन सचिव ने मरम्मत कराई शुरू।
संवाद सूत्र, हरगांव (सीतापुर)। बनिहार में 14वें वित्त से वर्ष 2019-20 में पंचायत भवन निर्माण के लिए 24 लाख रुपये निकाले गए थे, जिसका कार्य अब तक अधूरा है। यहां शौचालय और गेट बना ही नहीं। पल्ले लगाए गए और न ही वायरिंग कराई गई। भवन का प्लास्टर उखड़ने के साथ दीवारों में दरार भी आ गई हैं। रिाकर्ड में इसकी पत्रावली भी नहीं मिल रही है।
जून माह में उपायुक्त श्रम रोजगार गांव में विकास कार्यों की जांच के लिए पहुंचे थे। तब यह मामला सामने आया। जांच रिपोर्ट के आधार पर संबंधित से रिकवरी के आदेश दिए गए।
जांच टीम में अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी अभिषेक सिंह, अवर अभियंता ग्रामीण अभियंत्रण सेवा शैलेंद्र कुमार, अवर अभियंता लघु सिंचाई संजय सिंह, एडीओ पंचायत को नामित किया गया। जांच टीम ने ब्लाक में पंचायत भवन की पत्रावली की मांग की तो गायब मिली। तत्कालीन सचिव धनंजय कुमार (एलिया ब्लाक में तैनात) से संपर्क कर पत्रावली खोजने के लिए कहा गया है।
जांच और रिकवरी की भनक पर मरम्मत शुरू
प्रकरण की जांच के लिए टीम बनाए जाने व रिकवरी के आदेश की भनक पाकर भवन की मरम्मत का कार्य तत्कालीन सचिव ने शुरू करा दिया है। शौचालय बन रहा है और मरम्मत की जा रही है।
अधूरा कार्य, हो गया भुगतान
तत्कालीन बीडीओ रामकुमार उपाध्याय के कार्यकाल में धनराशि का भुगतान किया गया था। अधूरा कार्य होने पर भी भुगतान कर दिया गया। इसमें तत्कालीन बीडीओ की भूमिका सवालों में है।
छह वर्ष पहले का मामला है। उस समय धनंजय सिंह सचिव थे। उनसे संपर्क किया गया है। पत्रावली खोजने में मदद के लिए कहा है। भवन की मरम्मत का कार्य चल रहा है। -धर्मेंद्र कुमार, सचिव
पंचायत भवन की धनराशि करीब ढाई लाख रुपये अभी खाते में शेष हैं। शौचालय बन रहा है। जो अधूरे कार्य हैं उनको पूरा कराया जाएगा। -धनंजय कुमार, तत्कालीन सचिव
मामले की जांच चार सदस्यीय टीम कर रही है। अभी रिपोर्ट नहीं मिली है। पत्रावली रिकार्ड में नहीं है यह किसी ने बताया भी नहीं है। जांच टीम से बात करेंगे और पत्रावली खोजवाई जाएगी। -विवेक मणि त्रिपाठी, बीडीओ हरगांव
जांच की जा रही है। प्रकरण से जुड़ी पत्रावली ब्लाक से गायब है। सचिव से पत्रावली खोजकर देने के लिए कहा है। पत्रावली देखकर दोषियों की भूमिका तय की जाएगी। -शैलेंद्र कुमार, अवर अभियंता व जांच टीम के सदस्य।