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    वाराणसी पुलिस को चकमा देकर BHU गेट पहुंचीं विधायक पल्लवी पटेल, NEET-लेखपाल भर्ती को लेकर प्रदर्शन

    Updated: Tue, 16 Jun 2026 12:48 PM (IST)

    अपना दल (कमेरावादी) अध्यक्ष पल्लवी पटेल ने नीट पेपर लीक के विरोध में बीएचयू गेट पर प्रदर्शन किया, पुलिस को चकमा देकर वाराणसी पहुंचीं। पुलिस ने उन्हें ...और पढ़ें

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    HighLights

    1. पल्लवी पटेल ने नीट पेपर लीक के खिलाफ प्रदर्शन किया।

    2. पुलिस को चकमा देकर बीएचयू गेट पहुंचीं विधायक।

    3. विधायक व 42 समर्थक हिरासत में लिए गए, फिर छूटे।

    जागरण संवाददाता, वाराणसी। कमिश्नरेट पुलिस की रोक-छेक और खुफिया विभाग की चौकसी को धता बताते हुए अपना दल (कमेरावादी) की अध्यक्ष विधायक पल्लवी पटेल समर्थकों संग बीएचयू गेट पहुंच गई।

    नीट पेपर लीक में सरकार व प्रशासन पर लापरवाही और अभ्यर्थियों के भविष्य के साथ खिलवाड़ का आरोप लगाया। नीट पर्चा लीक मामले की सीबीआइ जांच कराने की मांग करते हुए जमकर प्रदर्शन किया।

    इस दौरान विधायक व उनके समर्थकों की पुलिस से जमकर नोकझोंक हुई। भारी विरोध के बीच पुलिस सभी को हिरासत में लेकर बड़ागांव गांव थाने ले गई जहां शाम साढ़े सात बजे निजी मुचलके पर सभी को छोड़ दिया गया।

    बीएचयू गेट के सामने प्रदर्शन करने के पूर्व घोषित कार्यक्रम को लेकर अपना दल (कमेरावादी) विधायक पल्लवी पटेल समर्थकों संग जौनपुर से चली तो पुलिस ने वहां टोल प्लाजा के पास रोक दिया। पुलिस को चकमा देकर रविवार रात आटो से पल्लवी बनारस पहुंचीं।

    सुबह समर्थकों संग जब वह बीएचयू गेट पर मालवीय प्रतिमा के सामने पहुंचीं तो उन्हें देख पुलिस हैरान रह गई। कुछ ही देर में कई थानों की पुलिस मौके पर बुला ली गई। प्रदर्शन को लेकर पुलिस से जमकर नोकझोंक हुई। पल्लवी यहां से प्रधानमंत्री के संसदीय कार्यालय तक पैदल मार्च निकालना चाह रही थीं।

    पुलिस प्रदर्शन या मार्च की अनुमति न होने का हवाला देते हुए वापस लौटने को कह रही थी, लेकिन विधायक और समर्थक मार्च पर अड़े रहे। इस दौरान पल्लवी चीखने लगी कि मुझे अटैक आता है, और पल्लवी की सांस फूलने लगी। इससे पुलिस सकते में आ गई।

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    इस बीच विधायक ने उत्तर प्रदेश लेखपाल भर्ती परीक्षा में धांधली का आरोप लगाते हुए फिर से परीक्षा कराने की भी मांग की। इस दौरान डीसीपी काशी, डीसीपी वरुणा, एडीसीपी, पांच सर्किल के एसीपी और कई थानों की पुलिस बल मौके पर मौजूद रही।

    करीब दो घंटे की जद्दोजहद के बाद पुलिस विधायक समेत 42 समर्थकों को हिरासत में लेकर बड़ागांव थाने ले गई। थाने पर भी भारी संख्या में समर्थक पहुंच गए।

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