विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

अग्निवीरों के लिए अच्छी खबर, इन चार विभागों में मिलेगा 10 प्रतिशत आरक्षण

Updated: Wed, 02 Sep 2026 12:49 PM (IST)

उत्तराखंड में पूर्व अग्निवीरों को भारतीय रिजर्व बटालियन (आइआरबी), राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (एसडीआरएफ) सहित अन्य समूह-ग के पदों पर 10 प्रतिशत आरक्षण देने की तैयारी है।

News Article Hero Image
timer icon

समय कम है?

जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में

संक्षेप में पढ़ें

विकास गुसाईं, देहरादून। सैन्य बहुल उत्तराखंड में पूर्व अग्निवीरों के लिए तय किए जा रहे आरक्षण में विभागों का दायरा बढ़ाने की तैयारी है। इसी क्रम में उन्हें उत्तराखंड में भारतीय रिजर्व बटालियन (आइआरबी), राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (एसडीआरएफ) में रक्षक, वन्यजीव रक्षक, खनन रक्षक समेत अन्य समूह-ग के पदों पर भी 10 प्रतिशत आरक्षण देने की तैयारी है। इसके साथ ही उन्हें भर्ती नियमों में भी छूट दिया जाना प्रस्तावित किया जा रहा है।

उत्तराखंड देश के उन चुनिंदा राज्यों में शामिल हैं जहां नौसेना, वायु सेना और सेना में अग्निपथ योजना के तहत भर्ती अग्निवीरों को सेना में सेवा पूरी करने के पश्चात राज्याधीन सेवाओं में लेने के लिए 10 प्रतिशत आरक्षण की व्यवस्था की गई है। इस कड़ी में सरकार पुलिस आरक्षी (नागरिक,पीएसी), उपनिरीक्षक, सिविल पुलिस, प्लाटून कमांडर, अग्निशामक, बंदी रक्षक, वन आरक्षी, वन दरोगा, आबकारी सिपाही, प्रवर्तन सिपाही और सचिवालय रक्षक समेत कई पदों के लिए 10 प्रतिशत आरक्षण की अधिसूचना जारी कर चुकी है।

यह भी पढ़ें- हरियाणा के युवाओं के लिए जरूरी खबर! भिवानी में 2 से 15 सितंबर तक होगी अग्निवीर भर्ती रैली

अब इन विभागों का दायरा और बढ़ाने की तैयारी है। केंद्रीय गृह सचिव गोविंद मोहन ने इस संबंध में मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन को पत्र लिखकर आइआरबी व एसडीआरएफ में भी आरक्षण की व्यवस्था सुनिश्चित करने का अनुरोध किया है। साथ ही राज्य में पूर्व अग्निवीरों की भर्ती के लिए संबंधित नियमों में आवश्यक शिथिलीकरण करने एवं उनकी भर्ती के लिए लिखित परीक्षा, शारीरिक दक्षता परीक्षा और शारीरिक मानक परीक्षा में भी छूट प्रदान करने की अपेक्षा की है।

केंद्र ने की 20 प्रतिशत आरक्षण देने की अपेक्षा

केंद्रीय गृह मंत्रालय ने अग्निवीरों को ग्रुप सी के पदों पर 20 प्रतिशत आरक्षण देने की अपेक्षा की है। यद्यपि, राज्य में अभी 10 प्रतिशत आरक्षण ही देने की व्यवस्था है।

नवंबर से वापस आने लगेंगे अग्निवीर

अग्निवीर नवंबर, 2026 से अपनी सेवाएं समाप्त कर वापस आना शुरू कर देंगे। इस क्रम में सबसे पहले नवंबर में नौसेना से 1958 अग्निवीर, दिसंबर, 2026 को वायुसेना से 2250 अग्निवीर और सेना से जनवरी, 2027 को 14,066 अग्निवीर वापस आएंगे।

यह भी पढ़ें- उत्तराखंड बना सैनिक कल्याण का मॉडल, राज्य अग्निवीरों के लिए रोजगार सेल का गठन