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    मौत के बाद भी जिंदगी बांट गई युवती, एम्स ऋषिकेश में किडनी-लिवर से मिलेगी नई सांस

    Updated: Fri, 01 May 2026 05:05 PM (GMT+05:30)

    एम्स ऋषिकेश में एक ब्रेन डेड युवती के अंगों से दो मरीजों में किडनी और लिवर प्रत्यारोपण की प्रक्रिया शुरू की गई है। ...और पढ़ें

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    जागरण संवाददाता, ऋषिकेश। एक डोनर युवती से मिली किडनी और लिवर एम्स ऋषिकेश में दो मरीज में प्रत्यारोपण (ट्रांसप्लांट) करने की प्रक्रिया देर रात शुरू होगी। अंगदान एक ब्रेन डेड घोषित महिला का होगा।

    बीती 21 अप्रैल को एक 25 वर्षीय युवती सड़क हादसे में घायल हो गई थी। जिसे एम्स ऋषिकेश में उपचार के लिए भर्ती कराया गया। उन्हें जीवन रक्षक उपकरणों पर रखा गया।

    जीवन रक्षक तमाम कोशिशों के बावजूद मरीज की हालत बिगड़ती चली गई। युवती को मृत घोषित कर दिया गया। एम्स प्रशासन ने उनके परिवार को अंगदान के बारे में बताया।

    परिजनों ने अंगदान करने की सहमति दी। इसके बाद लिवर फेलियर से पीडित एक मरीज और किडनी रोग से पीडित एक अन्य मरीज को लिवर और किडनी प्रत्यारोपण की प्रक्रिया शुरू की गई।

    वहीं, इस संबंध मेकं एम्स ऋषिकेश के जन संपर्क अधिकारी डा सिरलाय मोहंती ने बताया कि एम्स ऋषिकेश में किडनी प्रत्यारोपण का यह 23वां मामला है। जबकि लिवर ट्रांसप्लांट करने का पहला मामला है। इसके लिए आज सुबह तक ग्रीन कारिडोर बनाया जा रहा है।

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