Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    देहरादून में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का सीएम आवास कूच, पुलिस ने रोका

    Updated: Sat, 14 Mar 2026 02:51 PM (IST)

    देहरादून में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने अपनी मांगों को लेकर मुख्यमंत्री आवास की ओर कूच किया। परेड मैदान से चलीं कार्यकर्ताओं को पुलिस ने बैरिकेडिंग पर र ...और पढ़ें

    आगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का सीएम आवास कूच। जागरण

    आगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का सीएम आवास कूच। जागरण

    timer icon

    समय कम है?

    जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में

    संक्षेप में पढ़ें

    जागरण संवाददाता, देहरादून। मानदेय वृद्धि समेत विभिन्न मांगों को लेकर शनिवार को आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री आवास की ओर कूच किया।

    परेड ग्राउंड से नारेबाजी करते हुए आगे बढ़ रहे कार्यकर्ताओं को पुलिस ने न्यू कैंट रोड स्थित हाथीबड़कला में बैरिकेडिंग लगाकर रोक दिया। इस दौरान कार्यकर्ताओं और पुलिसकर्मियों के बीच धक्का-मुक्की भी हुई।

    आगे बढ़ने से रोके जाने पर नाराज कार्यकर्ता सड़क पर बैठ गईं और प्रदर्शन शुरू कर दिया।

    आंगनबाड़ी कार्यकत्री सेविका मिनी कर्मचारी संगठन की प्रदेश अध्यक्ष रेखा नेगी के नेतृत्व में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता परेड ग्राउंड से सीएम आवास के लिए निकले थे।

    पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने उन्हें समझाने का प्रयास किया, लेकिन कार्यकर्ताओं ने सीएम आवास का घेराव करने की बात कहते हुए रुकने से इनकार कर दिया।

    हाथीबड़कला में पुलिस ने बैरिकेडिंग लगाकर जुलूस को रोक लिया। इस दौरान आगे बढ़ने की कोशिश कर रही कार्यकर्ताओं और पुलिसकर्मियों के बीच धक्का-मुक्की की स्थिति बन गई।इसके बाद कार्यकर्ताओं ने वहीं सड़क पर बैठकर नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन शुरू कर दिया।

    प्रदेश अध्यक्ष रेखा नेगी ने कहा कि लंबे समय से आंगनबाड़ी कार्यकर्ता मानदेय बढ़ाने की मांग कर रही हैं, लेकिन केंद्र और राज्य सरकार की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है।

    उन्होंने कहा कि इतने कम मानदेय में महिलाओं के लिए परिवार का भरण-पोषण करना मुश्किल हो रहा है, जबकि उन पर लगातार अतिरिक्त काम का बोझ बढ़ाया जा रहा है।

    संगठन की ओर से मांग की गई कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का मानदेय बढ़ाकर 18 हजार रुपये प्रतिमाह किया जाए।

    इसके अलावा कार्यकर्ताओं को बायोमेट्रिक मशीन से न जोड़ा जाए और राज्य सरकार की ओर से 140 रुपये प्रतिदिन की वृद्धि की जाए। साथ ही केंद्र सरकार को 150 रुपये प्रतिदिन बढ़ोतरी का प्रस्ताव भेजने की भी मांग उठाई गई।

    प्रदर्शन के दौरान संगठन की ओर से मुख्यमंत्री के नाम प्रशासनिक अधिकारियों को ज्ञापन सौंपा गया।

    वहीं सड़क से हटने से इनकार करने पर पुलिस ने कुछ कार्यकर्ताओं को हिरासत में लेकर बाद में उन्हें एकता विहार धरना स्थल और परेड ग्राउंड में छोड़ दिया।