शिक्षक हितों से जुड़े विषयों का होगा त्वरित समाधान, मुख्यमंत्री धामी ने दिया आश्वासन
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राजकीय शिक्षक संघ से मुलाकात कर शिक्षकों के लंबित मुद्दों के त्वरित समाधान का आश्वासन दिया है। ...और पढ़ें

HighLights
मुख्यमंत्री ने शिक्षकों की लंबित समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया।
पदोन्नति, वेतनवृद्धि, प्रवक्ता पद सृजन पर हुई चर्चा हुई।
शिक्षा सचिव ने भी मुद्दों पर गंभीरता से विचार किया।
राज्य ब्यूरो, देहरादून। राजकीय शिक्षक संघ के अध्यक्ष रवींद्र सिंह राणा और महामंत्री डा. अंकित जोशी ने सोमवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से उनके आवास पर मुलाकात की।
इस बैठक में राज्य की विद्यालयी शिक्षा व्यवस्था और राजकीय माध्यमिक शिक्षकों से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा की गई। मुख्यमंत्री ने शिक्षक हितों से संबंधित समस्याओं के समाधान का आश्वासन देते हुए आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।
प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री के समक्ष एलटी संवर्ग से प्रवक्ता, प्रधानाध्यापक और प्रधानाचार्य पदों पर लंबित पदोन्नतियों को शीघ्र पूरा करने की मांग की।
इसके अलावा, राजकीय माध्यमिक विद्यालयों के शिक्षकों को चयन एवं प्रोन्नत वेतनमान पर एक अतिरिक्त वेतनवृद्धि देने और राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अनुरूप राजकीय इंटरमीडिएट विद्यालयों में प्रवक्ता (शारीरिक शिक्षा) के पद सृजित करने का मुद्दा भी उठाया गया।
मुख्यमंत्री धामी ने सभी मुद्दों को गंभीरता से सुना और शिक्षकों की समस्याओं के समाधान के लिए सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाने का आश्वासन दिया।
उन्होंने मुख्यमंत्री कार्यालय के माध्यम से विद्यालयी शिक्षा सचिव को इन विषयों पर विस्तृत चर्चा करने और आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।
राजकीय शिक्षक संघ ने विश्वास जताया है कि शासन और शिक्षा विभाग के सहयोग से शिक्षकों की लंबित समस्याओं का चरणबद्ध समाधान होगा, जिससे शिक्षकों का मनोबल बढ़ेगा और विद्यालयी शिक्षा व्यवस्था को नई दिशा मिलेगी।
शिक्षा सचिव ने लंबित मुद्दों पर गंभीरता व्यक्त की
इसके बाद, राजकीय शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष रवींद्र सिंह राणा व महामंत्री डा. अंकित जोशी ने विद्यालयी शिक्षा सचिव ज्योति यादव से भी मुलाकात की। इस बैठक में शिक्षा विभाग और शिक्षक समुदाय से जुड़े विभिन्न नीतिगत और प्रशासनिक विषयों पर चर्चा की गई।
सचिव ने संघ के मुद्दों पर गंभीरता व्यक्त करते हुए विभागीय अधिकारियों के साथ शीघ्र विस्तृत प्रस्तुतीकरण आयोजित करने पर सहमति दी।