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    हल्द्वानी में ₹6.75 करोड़ की लागत से बनेगा अत्याधुनिक 'मीडिया सेन्टर', सीएम धामी ने किया शिलान्यास

    Updated: Tue, 26 May 2026 11:55 AM (IST)

    मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हल्द्वानी में ₹6.75 करोड़ की लागत से बनने वाले अत्याधुनिक कुमाऊँ मीडिया सेंटर का शिलान्यास किया। यह केंद्र पत्रकारों क ...और पढ़ें

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    HighLights

    1. ₹6.75 करोड़ की लागत से बनेगा अत्याधुनिक मीडिया सेंटर।

    2. डिजिटल स्टूडियो, आवासीय सुविधा से लैस होगा यह केंद्र।

    3. पत्रकार कल्याण कोष ₹5 करोड़, ₹5 लाख स्वास्थ्य बीमा।

    डिजिटल टीम, हल्द्वानी। देवभूमि उत्तराखंड में पत्रकारों के सशक्तिकरण, कार्यकुशलता और लोकतांत्रिक व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में आज एक ऐतिहासिक अध्याय जुड़ा है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हल्द्वानी में ₹6 करोड़ 75 लाख 88 हजार की लागत से निर्मित होने वाले भव्य और अत्याधुनिक 'कुमाऊँ मीडिया सेंटर' भवन का विधिवत शिलान्यास किया। लोकतंत्र के चौथे स्तंभ को समर्पित यह बहुउद्देश्यीय केंद्र डिजिटल स्टूडियो, हाई-स्पीड इंटरनेट, प्रेस कॉन्फ्रेंस हॉल और दूरस्थ क्षेत्रों से आने वाले पत्रकारों के लिए आवासीय गेस्ट रूम जैसी विश्वस्तरीय सुविधाओं से लैस होगा। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर पत्रकारों के कल्याण के लिए कई बड़ी घोषणाएं भी कीं, जिससे कुमाऊँ मंडल के मीडिया जगत में भारी उत्साह है।

    देहरादून की निर्भरता होगी खत्म, हल्द्वानी से ही होंगे समाचार पत्रों के काम

    शिलान्यास समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि यह मीडिया सेंटर केवल एक कंक्रीट का भवन नहीं, बल्कि निष्पक्ष पत्रकारिता और जन-जन की आवाज को अभिव्यक्त करने का एक जीवंत मंच बनेगा। अब तक कुमाऊं मंडल के पत्रकारों को अपने प्रशासनिक और विभागीय कार्यों के लिए बार-बार राजधानी देहरादून की दौड़ लगानी पड़ती थी। इस केंद्र के बनने के बाद समाचार पत्रों के निरीक्षण सहित अधिकांश महत्वपूर्ण कार्य हल्द्वानी से ही पारदर्शी और त्वरित रूप से संचालित हो सकेंगे, जिससे पत्रकारों के समय और संसाधनों की बड़ी बचत होगी।

    डिजिटल स्टूडियो से लेकर दूरस्थ पत्रकारों के लिए आवासीय सुविधा तक

    इस मीडिया सेंटर को भविष्य की तकनीकी आवश्यकताओं को ध्यान में रखकर डिजाइन किया गया है। परिसर में मिलने वाली प्रमुख सुविधाएं इस प्रकार हैं- 

    • हाईटेक इंफ्रास्ट्रक्चर: एक विशाल आधुनिक प्रेस कॉन्फ्रेंस हॉल और पूरी तरह सुसज्जित डिजिटल स्टूडियो।

    • अकादमिक माहौल: पत्रकारों के अध्ययन और शोध के लिए एक समृद्ध और आधुनिक लाइब्रेरी।

    • सीमांत क्षेत्रों को राहत: मुनस्यारी, बागेश्वर, पिथौरागढ़, चंपावत और अल्मोड़ा जैसे सुदूर पर्वतीय क्षेत्रों से आने वाले मीडियाकर्मियों के लिए कैंटीन के साथ-साथ विशेष 'आवासीय गेस्ट रूम' की व्यवस्था होगी।

    इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि सीमांत पत्रकारों की सुविधा के लिए चंपावत के टनकपुर में भी 'मीडिया सेंटर गेस्ट हाउस' का निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है।

    कैशलेस स्वास्थ्य बीमा का लाभ

    समारोह के दौरान मुख्यमंत्री धामी ने पत्रकारों की सामाजिक और आर्थिक सुरक्षा के प्रति अपनी सरकार का संकल्प दोहराया। उन्होंने सरकार द्वारा उठाए गए नीतिगत कदमों को साझा करते हुए बताया कि पत्रकार कल्याण कोष की राशि को बढ़ाकर ₹5 करोड़ कर दिया गया है, ताकि गंभीर बीमारी या आकस्मिक दुर्घटना की स्थिति में आश्रितों को तुरंत आर्थिक मदद मिल सके। मान्यता प्राप्त (अधिस्वीकृत) पत्रकारों और उनके परिवारों के लिए ₹5 लाख तक की कैशलेस स्वास्थ्य बीमा योजना प्रभावी रूप से लागू है। 60 वर्ष से अधिक आयु के वरिष्ठ पत्रकारों के सम्मान में ₹8,000 प्रतिमाह की पेंशन राशि प्रदान की जा रही है।

    मुख्यमंत्री धामी ने उपस्थित पत्रकारों से विकासात्मक और सकारात्मक पत्रकारिता को आगे बढ़ाने की अपील की। उन्होंने कहा, "आपकी कलम ही सरकार के लिए सबसे बड़ी मार्गदर्शक है। जहां विकास कार्य हो रहे हैं, उन्हें जनता तक पहुंचाएं और जहां कहीं भी प्रशासनिक कमियां नजर आएं, उनसे हमें निष्पक्षता से अवगत कराएं।"

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    इस गरिमामयी शिलान्यास समारोह में सांसद अजय भट्ट, कैबिनेट मंत्री प्रदीप बत्रा, सूचना विभाग के महानिदेशक बंशीधर तिवारी, जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल और एसएसपी डॉ. मंजूनाथ टीसी सहित उत्तराखंड सरकार के कई वरिष्ठ पदाधिकारी, प्रशासनिक अधिकारी और कुमाऊ मंडल के कोने-कोने से आए भारी संख्या में पत्रकार बंधु उपस्थित रहे। इस पहल को उत्तराखंड में सूचना तंत्र और जवाबदेह शासन की दिशा में एक बड़ा मील का पत्थर माना जा रहा है।