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    नीट-यूजी परिणाम के बाद उत्तराखंड में काउंसलिंग की तैयारी, 500 से अधिक अंक पर सरकारी कालेज में मजबूत दावेदारी

    Updated: Sat, 18 Jul 2026 12:01 AM (IST)

    नीट-यूजी परिणाम के बाद उत्तराखंड में काउंसलिंग की तैयारी है, जहां पिछले वर्ष के कटऑफ से सरकारी व निजी मेडिकल कॉलेजों में प्रवेश की संभावित तस्वीर दिखत ...और पढ़ें

    सांकेतिक तस्वीर।

    सांकेतिक तस्वीर।

    HighLights

    1. सरकारी मेडिकल कॉलेजों में 500 से अधिक अंक मजबूत दावेदारी

    2. दून, हल्द्वानी में सामान्य वर्ग कटऑफ 530-531 अंक

    3. निजी कॉलेजों में 220-430 अंकों पर भी प्रवेश संभव

    जागरण संवाददाता, देहरादून। नीट-यूजी का परिणाम आने के बाद अब अभ्यर्थियों की नजर काउंसलिंग पर है। ऐसे में उत्तराखंड में पिछले वर्ष के राज्य कोटा की कटआफ उन्हें यह समझने में मदद करेगी कि कितने अंक पर किस कालेज में प्रवेश मिला था।

    हालांकि, इस वर्ष की कटआफ अभ्यर्थियों की संख्या और कालेजों की पसंद के अनुसार बदल सकती है, लेकिन पिछले साल के आंकड़े संभावित तस्वीर जरूर दिखाते हैं।

    प्रदेश में इस बार पांच सरकारी और तीन निजी मेडिकल कालेजों में एमबीबीएस की कुल 1,275 सीटें हैं। इनमें 625 सीटें सरकारी और 650 सीटें निजी मेडिकल कालेजों की हैं।

    इसके अलावा दो निजी डेंटल कालेजों में बीडीएस की 200 सीटें उपलब्ध हैं। सरकारी मेडिकल कालेजों की 15 प्रतिशत सीटों पर अखिल भारतीय कोटा और 85 प्रतिशत सीटों पर राज्य कोटा के माध्यम से प्रवेश होगा।

    पिछले वर्ष राज्य कोटा में दून मेडिकल कालेज और हल्द्वानी मेडिकल कालेज में सामान्य वर्ग की सीट 530 अंक तक मिली थी, जबकि सामान्य वर्ग की छात्राओं के लिए कटआफ 531 अंक रही। हरिद्वार, अल्मोड़ा और श्रीनगर मेडिकल कालेजों में सामान्य वर्ग की सीटें 508 से 514 अंकों के बीच आवंटित हुई थीं।

    इससे स्पष्ट है कि सरकारी मेडिकल कालेजों में प्रवेश के लिए 500 से अधिक अंक मजबूत स्थिति का सूचक है।

    ईडब्ल्यूएस और ओबीसी वर्ग में भी अधिकांश सरकारी मेडिकल कालेजों की सीटें 500 से 527 अंकों के बीच भरी गईं। एससी और एसटी वर्ग में कटआफ अपेक्षाकृत कम रही, लेकिन कई सरकारी कालेजों में इन वर्गों की सीटें भी 400 से अधिक अंकों पर बंद हुईं।

    निजी मेडिकल कालेजों में कटआफ सरकारी कालेजों की तुलना में काफी कम रही। हिमालयन इंस्टीट्यूट आफ मेडिकल साइंसेज, एसजीआरआर मेडिकल कालेज और गौतम बुद्ध चिकित्सा महाविद्यालय में सामान्य वर्ग की सीटें 220 से 430 अंकों के बीच आवंटित हुईं।

    वहीं, निजी डेंटल कालेजों में भी प्रवेश अपेक्षाकृत कम अंकों पर हुआ। सीमा डेंटल कालेज और उत्तरांचल डेंटल एंड मेडिकल रिसर्च इंस्टीट्यूट में कई श्रेणियों की सीटें 170 से 250 अंकों के बीच आवंटित हुईं। विशेषज्ञों का कहना है कि अंतिम कटआफ हर वर्ष अलग होती है।

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    इसलिए अभ्यर्थियों को केवल पिछले वर्ष के आंकड़ों पर निर्भर रहने के बजाय अपनी रैंक के अनुसार अधिक से अधिक कालेजों का विकल्प भरना चाहिए। इससे काउंसलिंग में सीट मिलने की संभावना बढ़ जाती है।

    कहां कितनी सीट

    • कालेज-कुल सीट-राज्य कोटा-अखिल भारतीय कोटा
    • हल्द्वानी मेडिकल कालेज-125-106-19
    • दून मेडिकल कालेज-150-127-23
    • श्रीनगर मेडिकल कालेज-150-127-23
    • हरिद्वार मेडिकल कालेज-100-85-15
    • अल्मोड़ा मेडिकल कालेज-100-85-15
    • हिमालयन इंस्टीट्यूट आफ मेडिकल साइंसेज-250-125-125
    • एसजीआरआर मेडिकल कालेज-250-125-125
    • गौतम बुद्ध चिकित्सा महाविद्यालय-150-75-75
    • सीमा डेंटल कालेज-100-50-50
    • उत्तरांचल डेंटल कालेज-100-50-50

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