विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 27, 2020 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Dehradun Lockdown: सब्जी और राशन के बाद अब दवा खरीदने को मारामारी

By Bhanu Prakash SharmaEdited By:
Updated: Fri, 27 Mar 2020 01:07 PM (IST)

दून में लॉक डाउन के दौरान लोग घरों में हर छोटा-बड़ा सामान जमा करने में जुटे हैं। सब्जी और राशन के बाद शहर में दवा खरीदने को भी मारामारी हो रही है।

Dehradun Lockdown: सब्जी और राशन के बाद अब दवा खरीदने को मारामारी
Dehradun Lockdown: सब्जी और राशन के बाद अब दवा खरीदने को मारामारी

देहरादून, जेएनएन। दून में लॉक डाउन के दौरान लोग घरों में हर छोटा-बड़ा सामान जमा करने में जुटे हैं। सब्जी और राशन के बाद शहर में दवा खरीदने को भी मारामारी हो रही है। सुबह और शाम लोग बड़ी संख्या में मेडिकल स्टोर पर उमड़ रहे हैं।

लॉक डाउन शुरू होने के बाद से ही लोगों में आवश्यक वस्तुएं जमा करने ही होड़ मची हुई है। पहले लोग राशन और सब्जी पर टूटे। अब दवा की बारी है। एक-दो दिन से मेडिकल स्टोर्स का बुरा हाल है। सुबह और शाम के समय लोग बड़ी संख्या में दवा खरीदने पहुंच रहे हैं।

सामान्य दवाओं से लेकर विशेष बीमारियों की दवा खरीदने को लोगों का तांता लगा है। इसका असर मेडिकल स्टोर के स्टॉक पर पड़ रहा है। नया स्टॉक न आ पाने के कारण अब डिस्ट्रीब्यूटर्स के पास उपलब्ध स्टॉक पर ही निर्भरता बनी हुई है। केमिस्ट एसोसिएशन के सदस्य नवीन खुराना ने बताया कि लोग बेवजह भी दवा खरीदकर रख रहें है। जिससे आने वाले दिनों में दिक्कतें हो सकती हैं।

छह में से तीन दवा ही मिली 

पथरीबाग निवासी गौरव कुमार ने बताया कि उनकी पत्नी की घर पर ही दवा चलती है। उन्हें दून अस्पताल के डॉक्टर की लिखी दवा खिलाते हैं। यह दवा समय-समय पर बाहर से खरीदनी होती हैं। गुरुवार को वे पटेल नगर के पास पर्ची लेकर मेडिकल स्टोर गए तो वहां तीन दवा ही मिलीं। आसपास की अन्य दुकानों पर भी सभी दवाएं नहीं मिल सकीं। ऐसे में उनकी पत्नी की रोजाना दवा लेने का क्रम टूट रहा है।

लोगों से अनावश्यक और ज्यादा दवा न लेने की अपील

केमिस्ट एसोसिएशन ने लोगों से अपील की है कि वे अनावश्यक रूप से दवा न खरीदें। साथ ही अधिक मात्र में दवा खरीद घर में स्टोर करने से बचें। दुकानों में एकदम से स्टॉक खत्म होने से जरूरतमंदों को दवा से वंचित रहना पड़ सकता है। सभी का ध्यान रखें। केवल जरूरी दवा खरीदें।

एलर्जी व स्किन की दवाइयों का टोटा

खरीदारों की भीड़ के चलते अधिकांश दवाओं का कोटा सिमटने लगा है। कई मेडिकल स्टोर्स पर एलर्जी व स्किन से जुड़ी बीमारियों की दवा उपलब्ध नहीं हैं। अब गर्मी का सीजन शुरू होने वाला है। ऐसे में त्वचा संबंधी रोग बढ़ जाएंगे। इसे देखते हुए लोग बड़ी मात्र में दवा स्टोर कर रहे हैं।

सुबह 10 से शाम पांच तक होम डिलीवरी

लॉकडाउन में सुबह सात से 10 बजे की छूट के दौरान बाजार में बेकाबू होती भीड़ पर अंकुश लगाने के लिए जिला प्रशासन ने नियमों में ढील दी है। यह ढील जिलाधिकारी डॉ. आशीष श्रीवास्तव व पुलिस उपमहानिरीक्षक अरुण मोहन जोशी ने आपसी मंत्रणा के बाद होम डिलीवरी के रूप में दी। गुरुवार से ही लागू इस व्यवस्था के अनुसार कारोबारी अब 10 बजे के बाद शाम पांच बजे तक होम आवश्यक वस्तुओं की होम डिलीवरी कर सकते हैं।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अरुण मोहन जोशी की पहल पर थाना क्षेत्रवार 670 दुकानों की सूची तैयार की गई है। यह व्यापारी जरूरी वस्तुओं की आपूर्ति होम डिलीवरी के माध्यम से कर सकेंगे। इन दुकानों की सूची भी जिला प्रशासन की वेबसाइट पर उपलब्ध है। होम डिलीवरी के लिए जिला प्रशासन कुछ वाहन भी पुलिस को उपलब्ध करवा रहा है। ताकि लिहाजा, किसी को भी खरीदारी के लिए लोगों को अनावश्यक इंतजार न करना पड़े।

यह भी पढ़ें: Uttarakhand Lockdown Day 4: 2700 दैनिक श्रमिकों को खाद्य सामग्री का वितरण शुरू 

जरूरी सेवा वाले कार्मिकों को जारी होंगे पास 

जिलाधिकारी डॉ. आशीष श्रीवास्तव ने बताया कि जिन इकाइयों में निर्बाध काम करने की बाध्यता है, या जो कार्मिक सुरक्षा समेत अन्य जरूरी कायरें में लगे हैं, उन्हें पास जारी किए जाएंगे। इसके लिए वह पुलिस कंट्रोल रूम के नंबर 0135-2722100 पर संपर्क कर सकते हैं। इस काम की जिम्मेदारी डीएसपी लोकजीत सिंह को दी गई है। 

यह भी पढ़ें: Uttarakhand Lockdown: तीन घंटे की छूट में व्यापारियों ने मचाई लूट Dehradun News