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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 01, 2019 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    अटल आयुष्मान उत्तराखंड योजना का लाभ मिलने में आड़े आ रहा अब से अड़ंगा, जानिए

    By Skand ShuklaEdited By:
    Updated: Fri, 01 Mar 2019 06:46 PM (IST)

    अटल आयुष्मान उत्तराखंड योजना परवान नहीं चढ़ पा रही है। कारण सरकार के भेजे गए पत्रों की चिट्ठियों में खोट नजर आ रहा है। किसी पत्र में राशनकार्ड नंबर नह ...और पढ़ें

    अटल आयुष्मान उत्तराखंड योजना का लाभ मिलने में आड़े आ रहा अब से अड़ंगा, जानिए
    अटल आयुष्मान उत्तराखंड योजना का लाभ मिलने में आड़े आ रहा अब से अड़ंगा, जानिए

    हल्द्वानी, जेएनएन : अटल आयुष्मान उत्तराखंड योजना परवान नहीं चढ़ पा रही है। कारण, सरकार के भेजे गए पत्रों की चिट्ठियों में खोट नजर आ रहा है। किसी पत्र में राशनकार्ड नंबर नहीं चढ़ा है तो किसी में पता ही गायब है। इस गड़बड़ी के चलते लाभार्थियों को उन तक पत्र नहीं पहुंच पा रहे हैं। मसलन, अब आशाओं को भी यह पत्र संबंधित पतों पर भेजने में मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। इतनी बड़ी चूक को अधिकारी सुधारने में लगे हुए हैं।

    22 जनवरी को आए थे पत्र
    ग्रामीण क्षेत्रों के लिए अटल आयुष्मान उत्तराखंड योजना के पत्र आए थे। जिले के लिए करीब 2,14,876 सरकारी चिट्ठियां 22 जनवरी को आई थीं। इनमें से हल्द्वानी में 1,06,300 चिट्ठियां आशाओं को दे दी गई थीं, मगर इनमें से कई में खामियां सामने आईं। ऐसे में ये चिट्ठियांं अब तक ब्लॉक में ही पड़ी हैं। 

    लौटाने के दिए गए निर्देश
    जिन चिट्ठियों में पते और राशन कार्ड नंबर अंकित नहीं है। उनको वापस कर डिजिटाइजेशन कराने के लिए भेजा गया है।

    लिस्ट बनाने में जुटा विभाग
    इतनी बड़ी खामी के बाद डीएम वीके सुमन ने बैठक बुलाई थी, जिसमें ऐसी दिक्कतें आने पर अधिकारियों से सूची बनाने के लिए कहा गया है। विभाग अब ऐसे लाभार्थियों के लिए इन पत्रों को वापस करने की तैयारी कर रहा है।

    95 प्रतिशत चिट्ठियां सही है
    वीके सुमन, जिलाधिकारी ने बताया कि जिले के लिए अटल आयुष्मान उत्तराखंड योजना के लिए चिट्ठियां आई थी। शिकायत मिली थी। इसमें करीब 95 प्रतिशत चिट्ठियां सही है, जबकि करीब 300 से अधिक चिट्ठियों में पते गलत हैं। इनको वापस कर दोबारा डिजिटाइजेशन किया जाएगा।

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