मल्लिकार्जुन के 'शुद्धीकरण' के मामले ने पकड़ा तूल, हल्द्वानी में एसएसपी ऑफिस पहुंचे कांग्रेसी... केस दर्ज करने की मांग
हल्द्वानी में कांग्रेस की विजय शंखनाद रैली के बाद कथित शुद्धीकरण मामले ने तूल पकड़ा है।


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जागरण संवाददाता, हल्द्वानी। रामलीला मैदान में आठ अगस्त को कांग्रेस की विजय शंखनाद रैली के बाद हुए कथित शुद्धीकरण में बढ़ा दी लगाए जाने के मामले में प्राथमिकी दर्ज करने की मांग उठी है।
उत्तराखंड यूथ कांग्रेस के पदाधिकारियों ने रविवार को एसएसपी कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन सौंपा। इसमें मामले की गंभीरता से जांच कर दोषियों के विरुद्ध प्राथमिकी पंजीकृत करने की मांग की गई।
रामलीला मैदान में किया था शुद्धीकरण
ज्ञापन में कहा गया है कि कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे समेत कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और बड़ी संख्या में लोग रैली में मौजूद थे। रैली समाप्त होने के बाद कुछ लोगों ने रामलीला मैदान में हवन-पूजन कर कथित रूप से शुद्धीकरण किया।
कांग्रेस का आरोप है कि इस कृत्य के जरिए अनुसूचित जाति वर्ग के लोगों को अपमानित करने और जातिगत भेदभाव की भावना प्रदर्शित करने का प्रयास किया गया। यूथ कांग्रेस ने बताया कि घटना के संबंध में 14 अगस्त को हल्द्वानी कोतवाली में तहरीर दी गई थी, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई।
ज्ञापन में रैली के बाद कथित तौर पर बनाए गए एआइ वीडियो का भी उल्लेख किया गया है। यूथ कांग्रेस ने दोनों मामलों की जांच कर संबंधित धाराओं में प्राथमिकी पंजीकृत करने की मांग की है। इस दौरान विकास कुमार, नीरज कुमार, सुमित लोहनी, स्वाति जोशी, हेमंत पांडे, शोभित कुमार, दिग्विजय सिंह बिष्ट आदि मौजूद रहे।
