उत्तराखंड के श्रीनगर गढ़वाल के सांपला और चौरास में जंगल की आग का तांडव, लाखों की वन संपदा खाक
श्रीनगर गढ़वाल के सांपला और चौरास क्षेत्रों में भयंकर जंगल की आग लगी हुई है, जिससे लाखों की वन संपदा जलकर राख हो रही है। ...और पढ़ें

श्रीनगर गढ़वाल से देहलचौरी मार्ग पर सांपला के जंगल में लगी आग। जागरण

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
जागरण संवाददाता, श्रीनगर गढ़वाल। गढ़वाल वन प्रभाग के श्रीनगर रेंज के जंगल धू-धूकर जल रहे हैं, जिससे लाखों की वन संपदा जलकर राख हो रही है।
शनिवार रात्रि को देहलचौरी क्षेत्र में सांपला के जंगल धधकते रहे। वन कर्मियों द्वारा आग बुझाने का प्रयास किया गया, लेकिन तेज हवा के चलते आग की लपटें तेज होती गईं।
वहीं, कीर्तिनगर-डांगचौरा क्षेत्र के चौरास से लगे जंगलों में भयंकर आग लगी हुई है।
इस अप्रैल में वनाग्नि की घटनाओं में दिनोंदिन इजाफा हो रहा है। बीते शनिवार देर शाम देहलचौरी से लगे सांपला क्षेत्र के जंगल धू-धूकर जलते रहे।
ग्रामीणों की सूचना पर वन कर्मी मौके पर पहुंचे। तेज हवा के चलते आग पर काबू नहीं पाया जा सका।
स्थानीय प्रमोद बमराड़ा ने बताया कि वनाग्नि से व्यापक स्तर पर वन संपदा को नुकसान हुआ है। आग की लपटें इतनी तेज थीं कि कुछ देर के लिए वाहनों का सड़क से गुजरना भी मुश्किल हो गया था।
इधर, कीर्तिनगर-डांगचौंरा के चौरास से लगे जंगल भी बीते तीन दिन से जल रहे हैं। यहां, चारों तरफ धुंआ का गुबार फैला है, जिससे उमस भरी गर्मी हो रही है।
वन विभाग के रेंजर आरपी कुकरेती ने बताया कि बीते दस दिनों में वनाग्नि की घटनाओं में इजाफा हुआ है। रेंज स्तर पर छह टीमें गठित की गई हैं।
विषम भौगोलिक परिस्थतियों के कारण एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुंचने में समय लग रहा है।
उन्होंने लोगों से वनों को आग से बचाने के लिए सहयोग की अपील की है। साथ ही जंगल में आग लगाने वालों के बारे में जानकारी देने को कहा है।
यह भी पढ़ें- उत्तराखंड में दर्दनाक हादसा: जंगल की आग बुझाते वक्त खाई में गिरा वन कर्मचारी, मौत
यह भी पढ़ें- उत्तराखंड के सोमेश्वर रेंज में भीषण जंगल की आग, कई गांवों में भारी नुकसान; देर रात काबू