छह महीने बाद खुले केदारनाथ धाम के कपाट, पहले दिन पहुंचे 20 हजार से ज्यादा भक्त
छह महीने के शीतकालीन प्रवास के बाद केदारनाथ धाम के कपाट श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए गए हैं। पहले दिन 20 हजार से अधिक भक्तों ने बाबा के दर्शन किए। ...और पढ़ें
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शीतकाल के छह महीने बाद भक्तों के दर्शनार्थ खुले केदारबाबा के कपाट

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
संवाद सहयोगी, रुद्रप्रयाग। छह महीने तक शीतकालीन प्रवास के बाद अब आने वाले छह महीनों के लिए केदार बाबा के कपाट खोल दिए गए हैं। अब आम भक्त केदारपुरी स्थिति बाबा के धाम में दर्शन कर सकेंगे। हजारों भक्तों इस अवसर के साक्षी बने, वहीं पहले दिन बीस हजार से अधिक भक्तों ने बाबा के दर्शन किए। पहली पूजा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नाम से की गई।
शीतकालीन गद्दीस्थल ओंकारेश्वर मंदिर में छह महीनो तक विश्राम करने के बाद बाबा एक बार फिर से केदारपुरी में विराजमान हो गए हैं। श्रद्धा, आस्था और दिव्यता की अद्भुत त्रिवेणी, ग्यारहवें ज्योर्तिलिंग श्री केदारनाथ धाम के कपाट आज बुधवार को विधि-विधान एवं वैदिक मंत्रोच्चार के साथ श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खोल दिए गए हैं। प्रातः 8 बजे शुभ मुहूर्त में कपाट खुलते ही पूरा धाम “हर-हर महादेव” और “जय श्री केदार” के उद्घोष से गूंज उठा।
गर्भगृह में विधिवत पूजा-अर्चना
भगवान केदारनाथ की पंचमुखी उत्सव डोली शीतकालीन गद्दीस्थल श्री ओंकारेश्वर मंदिर, उखीमठ से गुप्तकाशी, फाटा और गौरीकुंड होते हुए गत मंगलवार को धाम पहुंची।
इसी क्रम में कपाट खुलने की प्रक्रिया बुधवार सुबह 5 बजे से प्रारंभ हुई। पंचमुखी मूत्रि की पूजा अर्चना के बाद डोली मंदिर परिसर में पहुंची, इसके बाद प्रातः 8 बजे रावल भीमाशंकर लिंग, पुजारी टी गंगाधर, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, विधायक केदारनाथ आशा नौटियाल, तीर्थ पुरोहित उमेश चंद्र पोस्ती सहित धर्माचार्यों एवं वेदपाठियों ने मंदिर के गर्भगृह में प्रवेश कर विधिवत पूजा-अर्चना की।
देव आवाहन एवं लोककल्याण के संकल्प के साथ ठीक 8 बजे कपाट श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए गए। कपाट उद्घाटन के अवसर पर श्री केदारनाथ मंदिर को 51 क्विंटल से अधिक फूलों से भव्य रूप से सजाया गया। कपाट खुलते ही हेलीकॉप्टर से पुष्प वर्षा की गई, जिससे श्रद्धालु भाव-विभोर हो उठे।
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कपाट खुलने पर मुख्यमंत्री रहे मौजूद
इस पावन अवसर पर प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी भी उपस्थित रहे और उन्होंने बाबा केदारनाथ के दर्शन कर प्रदेश एवं देश की सुख, समृद्धि और शांति की कामना की। सिख रेजीमेंट के बैंड की भक्तिमय धुनों के बीच कपाट उद्घाटन का यह दिव्य क्षण और भी अलौकिक बन गया।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने समस्त देशवासियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि केदारनाथ धाम न केवल सनातन धर्मावलंबियों की आस्था का प्रमुख केंद्र है, बल्कि यह भारत की समृद्ध आध्यात्मिक और सांस्कृतिक विरासत का भी प्रतीक है। उन्होंने कहा कि चारधाम यात्रा हर वर्ष नए कीर्तिमान स्थापित कर रही है और इस वर्ष भी बाबा केदार के आशीर्वाद से यात्रा ऐतिहासिक होगी।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा चारधाम यात्रा को सुरक्षित, सुव्यवस्थित एवं सुगम बनाने के लिए व्यापक इंतजाम किए गए हैं। उन्होंने सभी उत्तराखंडवासियों से देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं के प्रति सेवा और आतिथ्य भाव बनाए रखने का आह्वान किया।
कपाट खुलने के अवसर पर श्रीमती गीता धामी, बीकेटीसी अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी, विधायक केदारनाथ आशा नौटियाल, जिला पंचायत अध्यक्ष रुद्रप्रयाग पूनम कठैत, ब्लॉक प्रमुख ऊखीमठ पंकज शुक्ला, जिला पंचायत सदस्य अमित मैखंडी, तीर्थ पुरोहित उमेश चंद्र पोस्ती, जिलाधिकारी रुद्रप्रयाग/मुख्य कार्याधिकारी बीकेटीसी विशाल मिश्रा, पुलिस अधीक्षक नीहारिका तोमर, सहित बड़ी संख्या में तीर्थ पुरोहितगण, हकहकूकधारी एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।