यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 21, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
New Tehri: जंगली सुअर और बंदर रौंद रहे फसल, काश्तकार परेशान; बच्चे भी परेशान
New Tehri नई टिहरी में इन दिनों जंगली सुअर और बंदरों का आतंक देखने को मिल रहा है। जंगली सुअर और बंदर ग्रामीणों की धान की खेती सहित नकदी फसलों को नुकस ...और पढ़ें

संवाद सहयोगी, नई टिहरी। उत्तराखंड के नई टिहरी में इन दिनों जंगली सुअर और बंदरों का आतंक देखने को मिल रहा है। जंगली सुअर और बंदर ग्रामीणों की धान की खेती सहित नकदी फसलों को नुकसान पहुंचा रहे हैं। भिलंगना प्रखंड का पौखाल क्षेत्र सिंचाई व नकदी खेती के लिए प्रसिद्ध है लेकिन बंदर व सुअर काश्तकारों की मेहनत पर पानी फेर रहे हैं। ग्रामीणों वन विभाग से इस संबंध में कार्यवाही किए जाने की मांग की।
कई बार पौखाल क्षेत्र में पहले तो सुअर व बंदरों ने धान की खेती को नुकसान पहुंचाया है। अब धान की फसल ग्रामीणों ने ले ली है इसके बाद अब सुअर दलहन की फसल जिसमें चौलाई व दाल शामिल है को भारी नुकसान पहुंचा रहे हैं। यही नहीं घरों में जो फलों के पेड़ है उनको भी बंदर नुकसान पहुंचा रहे हैं और भगाने पर बंदर ग्रामीणों पर कई बार हमला कर देते हैं खासकर छोटे बच्चों के लिए भी यह खतरा बने हैं।
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सुअरों और बंदरों की संख्या में हो रही है बढ़ोतरी
सुअरों व बंदरों की संख्या दिनों दिन बढ़ रही है कई बार दिन में भी सुअर खेतों में दिखाई देते हैं। पूर्व प्रधान पौखाल शीशपाल सिंह गुसाईं का कहना है कि इस संबंध में विभाग को भी ज्ञापन दिया गया है। उन्होंने कहा कि सुअर और बंदर फसलों को रौंद रहे है। काश्तकारों को खुद ही फसलों की रखवाली करनी पड़ती है। उन्होंने विभाग से बंदरों व सुअरों से निजात दिलाने की मांग की है।