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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 30, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

सरकारी शिक्षण संस्थानों को नहीं देना होगा संपत्ति कर, बंगाल विधानसभा में पेश होगा कोलकाता नगर निगम संशोधन बिल

By Jagran NewsEdited By: Mohd Faisal
Updated: Wed, 30 Aug 2023 05:43 PM (IST)

यदि किसी भी जमीन या मकान में राज्य सरकार द्वारा संचालित या पोषित कोई भी शैक्षणिक संस्थान चल रहा है तो उन्हें अब संपत्ति कर नहीं देना पड़ेगा। कोलकाता न ...और पढ़ें

बंगाल विधानसभा में पेश होगा कोलकाता नगर निगम संशोधन बिल (फाइल फोटो)
बंगाल विधानसभा में पेश होगा कोलकाता नगर निगम संशोधन बिल (फाइल फोटो)

HighLights

  1. बंगाल विधानसभा में पेश होगा कोलकाता नगर निगम संशोधन बिल।
  2. बिल को मंजूरी मिलने के बाद नहीं देना पड़ेगा संपत्ति कर।

राज्य ब्यूरो, कोलकाता। यदि किसी भी जमीन या मकान में राज्य सरकार द्वारा संचालित या पोषित कोई भी शैक्षणिक संस्थान चल रहा है तो उन्हें अब संपत्ति कर नहीं देना पड़ेगा। कोलकाता नगर निगम अपने क्षेत्र में ऐसी जमीन या घरों को संपत्ति कर के दायरे से मुक्त करने के लिए कानून में संशोधन करने जा रहा है।

विधानसभा के मौजूदा सत्र में पेश किया जाएगा बिल

कोलकाता नगर निगम (संशोधन) बिल, 2023 में 1980 अधिनियम की संबंधित धारा में संशोधन करेगा। यह बिल बंगाल विधानसभा के मौजूदा सत्र में पेश किया जाएगा। हालांकि, बिल किस तिथि को पेश होगा यह अभी तय नहीं है।

गुरुवार तक के लिए स्थगित है विधानसभा की कार्यवाही

अपर्याप्त एजेंडे के कारण मंगलवार को सत्र स्थगित कर दिया गया था। आज बुधवार को राखी के अवसर पर सार्वजनिक अवकाश था। सत्र गुरुवार तक के लिए स्थगित है। इसके बाद शुक्रवार को सत्र होगा या नहीं, इसका फैसला गुरुवार को कार्यमंत्रणा समिति की बैठक में होना है।

चार से छह सितंबर का सत्र फिर से रह सकता है लंबित

विधानसभा सूत्रों के मुताबिक, चार से छह सितंबर का सत्र फिर से लंबित रह सकता है। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की इच्छा के मुताबिक सात सितंबर को विधानसभा में 'बंगाल के स्थापना दिवस' से संबंधित प्रस्ताव पर चर्चा होनी है।

केंद्र पर उठाए ममता बनर्जी ने सवाल

इससे पहले पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने मंगलवार को कहा था कि 20 जून को राज्य का स्थापना दिवस मनाने का केंद्र का विचार गलत है और इसे मनाए जाने की तारीख के बारे में निर्णय विधानसभा में लिया जाएगा।

कई दलों के शामिल न होने पर जताई थी नाराजगी

बता दें कि ममता बनर्जी ने राज्य के स्थापना दिवस पर चर्चा के लिए पश्चिम बंगाल सरकार द्वारा एक बैठक बुलाई थी। इस सर्वदलीय बैठक में मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा), भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) जैसे विपक्षी दलों की अनुपस्थिति पर तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) प्रमुख ने नाराजगी जताई।