अमेरिका से सीजफायर के बीच ईरान में सामान्य होता दिख रहा जीवन, लेकिन लोगों को अब भी सता रही बुरे परिणामों की चिंता
ईरान में हफ्तों की अशांति, अमेरिकी-इजरायली बमबारी और सरकार विरोधी प्रदर्शनों के बाद जनजीवन सामान्य हो रहा है। ...और पढ़ें

ईरान में सामान्य होता जीवन। (फाइल फोटो)

समय कम है?
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डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। ईरान में हफ्तों बाद लोग जान-माल के नुकसान से उबरते हुए सामान्य जीवन की ओर बढ़ रहे हैं। अमेरिका और इजरायल की भीषण बमबारी और उससे पहले जनवरी में सरकार विरोधी प्रदर्शनों के चलते ईरान अशांत बना हुआ था, दुश्चिंताएं बढ़ती जा रही थीं। लेकिन लोगों को अब लग रहा है कि अमेरिका के साथ ईरान का समझौता हो सकता है और उसके परिणामस्वरूप शांति स्थापित हो सकती है लेकिन दुश्चिंताओं के बादल भी बहुत घने हैं।
युद्ध के हालात के बीच ईरान में हफ्तों से इंटरनेट ठप है। लेकिन कई दिनों से आकाश में लड़ाकू विमानों और मिसाइलों की आवाजाही न होने से माहौल सामान्य होता नजर आ रहा है। हाल के दिनों में सरकारी कार्यालय, दुकानें, रेस्टोरेंट खुल रहे हैं और लोग कैफे में बैठकर राजनीतिक चर्चा कर रहे हैं। पार्कों और पिकनिक स्थलों पर भी चहल-पहल बढ़ रही है, बच्चे खेलते-कूदते दिखाई दे रहे हैं।
ईरानी लोगों को सता रही इस बात की चिंता
मंगलवार को अमेरिका और ईरान के बीच इस्लामाबाद में एक बार फिर वार्ता होगी। इस वार्ता से विश्व को काफी उम्मीदें हैं लेकिन ईरानी लोगों में वार्ता के परिणाम को लेकर दुश्चिंताएं भी हैं। वार्ता विफल होने की स्थिति में ईरान पर फिर से हमला शुरू हो सकते हैं जिनमें नुकसान का स्तर बढ़ सकता है।
'बढ़ सकती हैं समस्याएं'
37 वर्षीय फरीबा कहती हैं कि युद्ध खत्म होने की संभावना है। लेकिन उसके बाद हमारी समस्याएं बढ़ सकती हैं। सरकार जनवरी के सरकार विरोधी आंदोलनों में शामिल रहे लोगों को सरकार के इशारे पर प्रताड़ित किया जा सकता है। आर्थिक तौर पर कमजोर ईरान के लोगों को बढ़ती महंगाई और बेरोजगारी का भी सामना करना पड़ सकता है।