Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    गोलीबारी के बावजूद अमेरिका-ईरान युद्धविराम बरकरार, तेल कीमतों में राहत

    Updated: Wed, 06 May 2026 04:27 AM (IST)

    पश्चिम एशिया में तनाव के बावजूद अमेरिका और ईरान के बीच होर्मुज जलडमरूमध्य में युद्धविराम कायम है, हालांकि झड़पें जारी हैं। ...और पढ़ें

    अमेरिका-ईरान के बीच जारी सीजफायर।

    अमेरिका-ईरान के बीच जारी सीजफायर।

    timer icon

    समय कम है?

    जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में

    संक्षेप में पढ़ें

    जागरण न्यूज नेटवर्क, नई दिल्ली। पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच मंगलवार को राहत की बात रही कि होर्मुज जलडमरूमध्य में झड़पों के बावजूद अमेरिका और ईरान के बीच युद्धविराम कायम है। 'प्रोजेक्ट फ्रीडम' के तहत फंसे जहाजों को निकालने की अमेरिकी कोशिशों के विरोध में ईरान ने हमले किए, जिनके जवाब में अमेरिकी नौसैनिक कार्रवाई भी हुई, लेकिन दोनों पक्षों ने स्थिति को सीमित रखा।

    एपी के अनुसार, अमेरिका ने कहा कि ईरानी हमले इतने गंभीर नहीं थे कि करारा जवाब देकर युद्धविराम तोड़ा जाए। ज्वाइंट चीफ्स चेयरमैन जनरल डैन केन के अनुसार, सी हाक और अपाचे हेलीकाप्टरों ने ईरान की छह सैन्य नौकाओं को निशाना बनाकर डुबो दिया।

    उन्होंने बताया कि युद्धविराम के बाद से ईरान नौ बार वाणिज्यिक जहाजों पर हमला कर चुका है, दो जहाज जब्त किए गए हैं और 10 से अधिक बार अमेरिकी बलों को निशाना बनाया गया है।

    ईरान ने दावों को किया खारिज

    दूसरी ओर, ईरान ने इन दावों को खारिज करते हुए आरोप लगाया कि अमेरिकी नौसेना ने रिवोल्यूशनरी गार्ड की नौकाओं के डर में नागरिक नौकाओं को निशाना बनाया, जिसमें पांच लोगों की मौत हुई। तस्नीम न्यूज एजेंसी के मुताबिक, ये नौकाएं ओमान के खसाब तट से ईरान की ओर जा रही थीं और इनमें यात्री व व्यापारिक सामान था।

    तेल की कीमतों में गिरावट

    प्रेट्र के अनुसार, तनाव सीमित रहने से वैश्विक तेल बाजार को राहत मिली और कच्चे तेल की कीमत करीब तीन प्रतिशत गिरकर 111 डालर प्रति बैरल पर आ गई। यूएई पर हालिया हमले की पाकिस्तान और सऊदी अरब ने कड़ी आलोचना की है, जबकि ईरान ने इसे न तो स्वीकार किया और न ही खारिज किया। विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने कहा कि बिना प्रमाण आरोप लगाने से बचना चाहिए।

    खबरें और भी

    न्यूयार्क टाइम्स के अनुसार, अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने कहा कि 'प्रोजेक्ट फ्रीडम' अस्थायी मिशन है और इसका उद्देश्य जहाजों को सुरक्षित मार्ग देना है। उन्होंने बताया कि होर्मुज में 1550 से अधिक जहाजों पर करीब 22,500 नाविक मौजूद हैं। अमेरिका का दावा है कि उसने अपने ध्वज वाले दो जहाजों को सुरक्षित निकाल लिया।

    ईरान ने अमेरिका पर लगाया आरोप

    उधर, ईरान ने अमेरिका पर युद्धविराम उल्लंघन का आरोप लगाया है। संसद स्पीकर एमए गलीबाफ ने कहा कि अमेरिका समुद्री सुरक्षा को दरकिनार कर रहा है और नए समीकरण बन रहे हैं।

    उन्होंने चेताया कि ईरान ने अभी पूरी क्षमता से जवाब नहीं दिया है।गौरतलब है कि होर्मुज में दो महीने से फंसे मालवाहक जहाजों को निकालने के लिए अमेरिका ने सोमवार को 'प्रोजेक्ट फ्रीडम' शुरू किया था, जिसका ईरान विरोध कर रहा है। इसी क्रम में दोनों देशों के बीच हमले और जवाबी कार्रवाई हुई, लेकिन फिलहाल युद्धविराम बरकरार है।

    ईरान को पता है कि क्या नहीं करना है: ट्रंप

    रायटर के अनुसार, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने ईरान की सैन्य क्षमता को खारिज करते हुए कहा कि तेहरान को सफेद झंडा लहराकर आत्मसमर्पण कर देना चाहिए, हालांकि वह घमंड के कारण ऐसा नहीं कर रहा।

    ओवल आफिस में पत्रकारों से बातचीत में ट्रंप ने दावा किया कि ईरान की सैन्य ताकत कमजोर हो चुकी है और वह निजी तौर पर समझौता चाहता है। उन्होंने क्षेत्र में ईरानी बंदरगाहों की अमेरिकी नाकेबंदी की सराहना करते हुए कहा कि यह प्रभावी साबित हो रही है। युद्धविराम उल्लंघन पर ट्रंप ने चेतावनी दी कि ईरान जानता है उसे क्या नहीं करना चाहिए।

    यह भी पढ़ें: होर्मुज में संघर्ष... अमेरिका ने ईरान की 6 नावों को उड़ाने का किया दावा, IRGC ने बताया झूठा