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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 15, 2014 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

मंत्री के बचाव में दिल्ली पर धावा बोलेंगी ममता

By Sachin kEdited By:
Updated: Tue, 16 Dec 2014 03:57 AM (IST)

सारधा चिटफंड घोटाले में पार्टी नेता व प्रदेश के परिवहन एवं खेल मंत्री मदन मित्रा की गिरफ्तारी से नाराज ममता बनर्जी बुधवार को दिल्ली का रुख करेंगी। पश्चिम बंगाल में विरोध-प्रदर्शन व आंदोलन करने के बाद मुख्यमंत्री दिल्ली पर धावा बोलेंगी।

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जागरण ब्यूरो, कोलकाता। सारधा चिटफंड घोटाले में पार्टी नेता व प्रदेश के परिवहन एवं खेल मंत्री मदन मित्रा की गिरफ्तारी से नाराज ममता बनर्जी बुधवार को दिल्ली का रुख करेंगी। पश्चिम बंगाल में विरोध-प्रदर्शन व आंदोलन करने के बाद मुख्यमंत्री दिल्ली पर धावा बोलेंगी। उन्होंने पार्टी समर्थकों से भी लगातार प्रदर्शन करने की अपील की है।

सूत्रों के अनुसार, ममता का यह दौरा राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी से मुलाकात करने से संबंधित बताया जा रहा है। बावजूद इसके सारधा कांड में सीबीआइ की कार्रवाई पर जिस तरह वह आक्रामक हुई हैं, उससे साफ है कि वह दिल्ली जाकर केंद्र के साथ टकराव को आगे बढ़ाने पर काम करेंगी।

ममता सदन के बाहर तृणमूल सांसदों के धरना-प्रदर्शन का नेतृत्व भी कर सकती हैं, जिसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आवास तक ले जाने की मंशा है। उन्होंने पिछले दिनों अपनी जनसभा में कहा भी था कि वे दिल्ली जाकर केंद्र के खिलाफ मोर्चा खोलने से भी नहीं चूकेंगी। उन्होंने प्रधानमंत्री व भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह को भी पिछले दिनों चुनौती दी थी।

तीसरे दिन भी जारी रहा तृणमूल का प्रदर्शनः

सारधा घोटाले में परिवहन मंत्री की गिरफ्तारी से नाराज सत्ताधारी तृणमूल कांग्रेस का विरोध-प्रदर्शन तीसरे दिन सोमवार को भी जारी रहा। पश्चिम बंगाल भर में हुए प्रदर्शनों में सरकारी सहायता प्राप्त क्लबों सहित खेल संगठनों से जुड़े लोग भी शामिल हुए।

खेल प्रेमियों ने मदन मित्रा के समर्थन में पार्क स्ट्रीट से गोष्ठो पाल मूर्ति तक रैली निकाली और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला फूंका। समर्थकों ने कई रेलवे स्टेशनों पर ट्रेनें रोकी, जिससे यात्रियों को परेशानी हुई।

सारधा की जांच कर रहे ईडी अधिकारी पर हमला

हुगली, जागरण संवाददाता। सारधा चिटफंड घोटाले की जांच कर रहे प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के एक अधिकारी पर तृणमूल कांग्रेस समर्थकों ने हमला किया और जमकर पीटा। समर्थकों ने उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी। घटना रविवार सुबह हुगली जिले के उत्तरपाड़ा थानांतर्गत ङ्क्षहदमोटर में हुई। पीडि़त अभिजीत डे ईडी में सहायक प्रवर्तन अधिकारी जैसे महत्वपूर्ण पद पर हैं।

ईडी के क्षेत्रीय कार्यालय ने इस घटना को गंभीरता से लेते हुए दिल्ली स्थित मुख्यालय को सूचना दी है। अभिजीत रविवार सुबह कहीं जा रहे थे। तभी 15-20 स्थानीय तृणमूल समर्थक उनके पास आए और विवाद करने लगे। रोकने पर आरोपियों ने उन्हें थप्पड़-घूंसे मारना शुरू कर दिया। बुरी तरह पिटाई करने के बाद सभी ईडी अधिकारी को धमकी देकर चले गए। अभिजीत ने कहा कि उन्हें हमलावरों की पहचान नहीं है, लेकिन यह समझा जा सकता है कि इसे किसने अंजाम दिया है? सारधा की जांच में तृणमूल के लोगों का नाम आने से उसके समर्थक नाराज हैं।

मदन ने उगले प्रभावशालियों के नाम

सीबीआइ कार्यालय में चल रही पूछताछ में परिवहन मंत्री मदन मित्रा ने सारधा घोटाले से जुड़े कई प्रभावशाली लोगों के नाम का खुलासा किया। सीबीआइ अधिकारी अब उन प्रभावशाली लोगों से पूछताछ की योजना बना रहे हैं। सीबीआइ मदन के खाते वाले बैंकों को भी नोटिस देने की तैयारी में है। सोमवार को भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) के एक अधिकारी से भी पूछताछ की गई।

मुझे बोलने की अनुमति क्यों नहीं: कुणाल

सारधा चिटफंड घोटाले में गिरफ्तार तृणमूल कांग्र्रेस से निलंबित राज्यसभा सांसद कुणाल घोष ने सोमवार को बैंकशाल कोर्ट में पेशी के दौरान कहा कि अगर परिवहन मंत्री मदन मित्रा को बोलने की इजाजत दी जाती है तो उन्हें क्यों नहीं मिलती? उसकी शिकायत के बाद न्यायाधीश ने पुलिस से कहा कि अगर कुणाल घोष कुछ बोलना चाहते हैं तो उसे बाधा न पहुंचाई जाए। इससे पहले कुणाल ने जब भी कुछ बोलने की इच्छा जताई पुलिस वालों ने उसकी आवाज दबाने की कोशिश की।

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