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    बेगूसराय में जनवितरण की दुकान पर गड़बड़झाला: पैक्स अध्यक्ष पत्नी, पति के नाम चल रही डीलरशिप

    Updated: Sun, 19 Apr 2026 04:16 PM (IST)

    बखरी के बागवन पैक्स में जनवितरण प्रणाली में बड़ी गड़बड़ी सामने आई है। पैक्स अध्यक्ष पत्नी अंजू कुमारी हैं, जबकि दुकान पति प्रमोद वर्मा के नाम से चल रह ...और पढ़ें

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    संवाद सहयोगी, बखरी (बेगूसराय)। बखरी प्रखंड के बागवन पैक्स में संचालित जनवितरण प्रणाली में बड़े गड़बड़झाला का खुलासा हुआ है। इसमें सरकार के संयुक्त वितरण प्रणाली के तहत जनवितरण की दुकान पति के नाम से संचालित हो रही है। जबकि पैक्स अध्यक्ष पत्नी हैं।

    इस संबंध में बखरी के वरीय सहकारिता प्रसार पदाधिकारी मेराज अहमद ने आपूर्ति पदाधिकारी को पत्र देकर उचित कार्रवाई की मांग की है। पत्र में कहा गया है कि उन्हें जनता द्वारा शिकायत मिली है कि बागवन पैक्स अंतर्गत जनवितरण प्रणाली का संचालन प्रमोद वर्मा के नाम से हो रहा है। जबकि पैक्स अध्यक्ष उनकी पत्नी अंजू कुमारी हैं। इस प्रकार वर्षों से वहां जनवितरण प्रणाली का कार्य अवैध तरीके से हो रहा है।

    बता दें कि सरकार के संयुक्त वितरण प्रणाली नियम के तहत सहकारिता विभाग अंतर्गत जनवितरण एवं अन्य कार्य का संचालन समिति के नाम से होता है एवं उनके अभिलेखों का अभिरक्षक पैक्स प्रबंधक होता है। बीसीओ ने बागवन पैक्स में जनवितरण प्रणाली में सुधार के लिए अग्रेतर कार्रवाई की मांग की है।

    साथ ही जिला सहकारिता कार्यालय द्वारा सुधार की प्रक्रिया पूरी होने तक उक्त जनवितरण दुकान को बंद करने का भी अनुरोध किया गया है। इधर पूछे जाने पर डीलर प्रमोद वर्मा ने बताया कि कोई अनियमितता नहीं है। वे 2009 से पैक्स अध्यक्ष हैं।

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    सरकारी प्रविधानों के मुताबिक उन्हें डीलरी भी मिली। 2019 में पत्नी पैक्स अध्यक्ष बनीं। अब यह सहकारिता विभाग का काम है कि वह आपूर्ति विभाग के समन्वय से डीलर का नाम चेंज करवाए। लेकिन वे लोग अपनी गलती को दूसरे के माथे पर मढ़ रहे हैं।

    तीन वर्ष से क्षेत्र में रह रहे पदाधिकारी को आज नजर आ रहा है कि यह अवैध है। जबकि डीलरी के संचालन की सभी प्रक्रिया पैक्स अध्यक्ष के नाम से ही चल रही है। केवल पोर्टल पर नाम नहीं बदला गया है। इसे विभाग के माध्यम से बदल दिया जाए, इसमें मुझे क्या आपत्ति हो सकती है, कि पत्नी का नाम रहे या मेरा।

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