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    बिहार में आंगनवाड़ी सेविका के बेटे का इसरो में चयन, बेंगलुरू में सीखेगा रॉकेट साइंस की बारीकियां

    Updated: Sun, 03 May 2026 04:23 PM (IST)

    मधेपुरा की आंगनबाड़ी सेविका किरण कुमारी के बेटे सुधांशु कुमार का इसरो के महत्वाकांक्षी युविका कार्यक्रम 2026 के लिए चयन हुआ है। इस उपलब्धि से परिवार औ ...और पढ़ें

    सुधांशु और परिवार। फोटो जागरण

    सुधांशु और परिवार। फोटो जागरण

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    शैलेश कुमार, बिहारीगंज (मधेपुरा)। नैनिहालों को शिक्षा से जोड़ने वाली आंगनबाड़ी सेविका के पुत्र का इसरो के युविका में चयन होने से स्वजनों व गांववासियों में हर्ष का माहौल है। मधेपुरा जिले के बिहारीगंज प्रखंड अंतर्गत मोहनपुर चौमुख आंगनबाड़ी केंद्र संख्या 134 की सेविका का पुत्र सुधांशु कुमार का चयन महत्वकांक्षी कार्यक्रम युविका 2026 में होने पर लोगों का बधाई देने का सिलसिला जारी है।

    बचपन में ही सुधांशु के पिता ललित शर्मा का निधन हो गया था। वर्ष 2012 में पति की मौत के बाद कठिन परिस्थितियों में किरण कुमारी ने अपने इकलौते पुत्र दो साल के सुधांशु की परवरिश की।

    सुधांशु की प्रारंभिक शिक्षा बिहारीगंज प्रखंड के मानसरोवर ज्ञान निकेतन बभनगामा से हुई। पहली से पांचवी कक्षा तक शिक्षा ग्रहण के बाद जवाहर नवोदय विद्यालय की परीक्षा में चयनित होने पर जवाहर नवोदय विद्यालय सुखासन (मधेपुरा) में पढ़ाई करने के दौरान नौवीं कक्षा में रहते हुए युविका की तैयारी किया। जिसमें ऑनलाइन परीक्षा में पहली प्रयास के दौरान मधेपुरा जिलें में एकमात्र सुधांशु चयनित हुआ।

    अंतरिक्ष विज्ञान व राकेट लांच की जानकारी लेने की है जिज्ञासा

    सुधांशु को ऐसा लगता है कि अब बचपन से अंतरिक्ष वैज्ञानिक बनने का सपना पूरा हो सकेगा। कहा, विज्ञान की दुनिया में पूर्व राष्ट्रपति डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम को अपना आदर्श मानते हैं। इसरो का युविका एक खास कार्यक्रम है। इस कार्यक्रम में पूरे भारत से 456 छात्रों का चयन किया गया है।

    जबकि 5 लाख 30 हजार से अधिक छात्रों ने युवा विज्ञानी कार्यक्रम में भाग लिया था। चयनित छात्रों को इसरो में 11 से 22 मई 2026 तक ग्रीष्मकालीन शिविर में भाग लेना है। इसके लिए बेंगलुरु जाने की तैयारियां पूरी कर ली गई है।

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    इसरो में सेटेलाइट संबंधी अंतरिक्ष से जुड़े नियमों से अवगत होंगे, साथ ही राकेट लांच होने की जानकारी नजदीक से देखने का मौका मिलेगा। इस सफलता के लिए अपनी मां व गुरुजनों का श्रेय दिया है।

    साथ ही भविष्य में वैज्ञानिक बनकर देश का नाम रौशन करने की बात कही। सुधांशु के चयन पर मुखिया मुन्नी देवी, पंसस कंचन कुमारी, उपमुखिया वरुण कुमार उर्फ मंटू यादव, कुसुम लाल शर्मा, धनेश मुखिया, मनचन सिंह, कुंदन सिंह आदि ने शुभकामानाएं दी है और उज्जवल भविष्य की कामना की है।

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