फर्जी प्रमाण पत्र के दम पर हेडमास्टर बना संजय यादव बर्खास्त, बिहार में एक्शन से विभाग में मचा हड़कंप
मोतीपुर के जनता उच्च माध्यमिक विद्यालय के प्रभारी प्रधानाध्यापक संजय कुमार यादव को फर्जी बीएड प्रमाणपत्र के आधार पर सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है। ग ...और पढ़ें


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जागरण संवाददाता, मुजफ्फरपुर। मोतीपुर प्रखंड के जनता उच्च माध्यमिक विद्यालय, महवल कुआही के प्रभारी प्रधानाध्यापक संजय कुमार यादव को सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है। जिला शिक्षा पदाधिकारी (डीईओ) की कार्रवाई के बाद फर्जी प्रमाणपत्रों के आधार पर बहाल शिक्षकों में हड़कंप है।
जानकारी के अनुसार संजय कुमार यादव की नियुक्ति जिला परिषद शिक्षक के रूप में उक्त विद्यालय में हुई थी। आरोप है कि संदिग्ध शैक्षणिक प्रमाणपत्रों के आधार पर नौकरी प्राप्त की और बाद में उन्हें प्रभारी हेडमास्टर का दायित्व भी सौंपा गया।
इसके अलावा उन पर वित्तीय अनियमितताओं के भी आरोप लगे है। जिला शिक्षा कार्यालय को जांच के दौरान उनके बीएड प्रमाणपत्र में गड़बड़ी की सूचना मिली।
जांच में पाई गई गड़बड़ी
सत्यापन के लिए असम स्थित गुवाहाटी विश्वविद्यालय को पत्र भेजा गया। विश्वविद्यालय ने स्पष्ट किया कि संबंधित प्रमाणपत्र उनके अभिलेख में दर्ज नहीं है और फर्जी है।
बताते हैं कि इस मामले में पहले भी 22 दिसंबर 2022 व 4 अक्टूबर 2024 को जिला शिक्षा पदाधिकारी कार्यालय ने अपर समाहर्ता सह मुख्य कार्यपालक पदाधिकारी, जिला परिषद को पत्र भेजकर कार्रवाई का अनुरोध किया था।
इसके बाद भी लंबे समय तक बर्खास्तगी की कार्रवाई नहीं हो सकी। मामले के तूल पकड़ने पर एक बार फिर प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी, मोतीपुर को गुवाहाटी विश्वविद्यालय भेजकर डिग्री की जांच कराई गई।
पुनः जांच में भी प्रमाणपत्र फर्जी पाया गया। इसके बाद जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (स्थापना) ने 8 अप्रैल को संबंधित शिक्षक से स्पष्टीकरण मांगा, लेकिन कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला।
इसके बाद जिला शिक्षा पदाधिकारी ने पूरे मामले की जांच की। प्रखंड शिक्षा अधिकारी मोतीपुर व गुवाहाटी विश्वविद्यालय की रिपोर्ट की समीक्षा के बाद संजय कुमार यादव को सेवा से बर्खास्त कर दिया।
साथ ही उनके खिलाफ नियमानुसार आगे की कार्रवाई भी की जाएगी। फर्जी बहाली को लेकर आयुक्त कार्यालय, उपविकास आयुक्त के यहां सुनवाई चल रही थी। आयुक्त ने पिछले दिनों इस मामले में दोषियों पर कार्रवाई का आदेश क्षेत्रीय शिक्षा उपनिदेशक को दिया था।