Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    नवादा के मेसकौर में 14 मई को होगा प्रमुख चुनाव, अविश्वास प्रस्ताव के बाद सियासी हलचल तेज

    Updated: Fri, 01 May 2026 08:12 PM (IST)

    मेसकौर प्रखंड में 14 मई 2026 को नए प्रमुख का चुनाव होगा, क्योंकि पूर्व प्रमुख संतोष कुमार को अविश्वास प्रस्ताव के बाद पद छोड़ना पड़ा था। ...और पढ़ें

    एआई द्वारा जेनरेट इमेज।

    एआई द्वारा जेनरेट इमेज।

    HighLights

    1. मेसकौर में 14 मई 2026 को प्रमुख चुनाव निर्धारित।

    2. पूर्व प्रमुख संतोष कुमार ने अविश्वास प्रस्ताव से पद खोया।

    3. प्रभावती देवी प्रमुख पद की संभावित दावेदार।

    संवाद सूत्र, मेसकौर (नवादा)। मेसकौर प्रखंड में प्रमुख पद को लेकर राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है। अविश्वास प्रस्ताव में पद गंवाने वाले पूर्व प्रमुख संतोष कुमार के बाद अब 14 मई 2026 को नए प्रमुख के चुनाव की तैयारी पूरी कर ली गई है।

    बीडीओ अश्विनी कुमार ने जानकारी देते हुए बताया कि राज्य निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार निर्धारित तिथि पर चुनाव संपन्न कराया जाएगा।

    गौरतलब है कि 18 अप्रैल 2026 को प्रखंड कार्यालय सभागार में एडीएम पीजीआरओ सह पर्यवेक्षक शंभूशरण पांडेय की मौजूदगी में प्रमुख संतोष कुमार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाया गया था।

    बैठक में कुल 14 पंचायत समिति सदस्यों में से 10 सदस्य उपस्थित रहे और सभी ने एकमत होकर प्रमुख के खिलाफ मतदान किया। बहुमत के आधार पर प्रस्ताव पारित होने के बाद संतोष कुमार को पद छोड़ना पड़ा।

    बीडीओ के अनुसार 14 मई को पंचायत समिति सदस्यों की बैठक बुलाई जाएगी, जिसमें इच्छुक उम्मीदवार प्रस्तावक और समर्थक के साथ नामांकन दाखिल करेंगे।

    एक से अधिक प्रत्याशी पर गुप्त मतदान

    एक से अधिक प्रत्याशी होने की स्थिति में गुप्त मतदान कराया जाएगा और बहुमत प्राप्त करने वाला उम्मीदवार प्रमुख चुना जाएगा। पूरी चुनाव प्रक्रिया वरीय अधिकारियों की निगरानी में पारदर्शी ढंग से पूरी की जाएगी।

    इधर, नए प्रमुख को लेकर राजनीतिक चर्चाएं भी जोर पकड़ने लगी हैं। सूत्रों के मुताबिक प्रभावती देवी का नाम प्रमुख दावेदार के रूप में सामने आ रहा है और उन्हें कई सदस्यों का समर्थन मिलने की संभावना है।

    हालांकि, अंतिम फैसला चुनाव के दिन ही स्पष्ट होगा। अब सबकी नजर 14 मई पर टिकी है, जब मेसकौर प्रखंड को उसका नया प्रमुख मिलेगा।

    यह भी पढ़ें- बिहार में अवैध अस्पतालों पर पटना हाई कोर्ट सख्त, नए दिशा-निर्देश जारी करने का दिया आदेश