बिहार की महुआवा पंचायत ने देश को दिखाई राह, नेचर के साथ जुड़कर किया बदलाव; मुखिया को मिलेगा नेशनल अवॉर्ड
सीतामढ़ी की महुआवा ग्राम पंचायत को जलवायु कार्रवाई विशेष में देशभर में तीसरा स्थान मिला है। पर्यावरण संरक्षण, ऊर्जा बचत और जल प्रबंधन में उत्कृष्ट कार ...और पढ़ें
-1778693960792_m.webp)
राष्ट्रीय पंचायत पुरस्कार-2026। फाइल फोटो
HighLights
जलवायु कार्रवाई पुरस्कार में महुआवा पंचायत को तीसरा स्थान।
विश्व पर्यावरण दिवस पर लगाए गए नौ हजार पौधे।
बायोगैस प्लांट और जल संरक्षण में भी उत्कृष्ट कार्य।
राज्य ब्यूरो, पटना। सीतामढ़ी जिला में बथनाहा प्रखंड की महुआवा ग्राम पंचायत को जलवायु कार्रवाई विशेष पंचायत पुरस्कार के लिए चयनित किया गया है। राष्ट्रीय पंचायत पुरस्कार-2026 के अंतर्गत महुआवा को देशभर में तृतीय स्थान प्राप्त हुआ है। इस उपलब्धि के लिए मुखिया संजीव भूषण को राष्ट्रीय स्तर पर सम्मानित किया जाएगा।
विश्व पर्यावरण दिवस पर महुआवा में एक ही दिन में लगभग नौ हजार पौधे लगाए गए। वर्तमान में इन पौधों के कारण पंचायत क्षेत्र हरित, स्वच्छ एवं प्रदूषणमुक्त वातावरण की ओर अग्रसर हुआ है। पौधों के संरक्षण हेतु कंटीले तारों से घेराबंदी भी कराई गई है।
इसके अतिरिक्त पंचायत में बालिका जन्म पर घर के बाहर एक फलदार पौधा लगाने की अनिवार्य पहल प्रारंभ की गई, जिसके अंतर्गत अब तक लगभग 250 पौधे लगाए जा चुके हैं। वर्तमान में पंचायत क्षेत्र में एक लाख से अधिक वृक्ष विद्यमान हैं, जिनमें फलदार एवं औषधीय पौधे भी सम्मिलित हैं।
बायोगैस से दो हजार रुपये प्रतिमाह बचत
महुआवा द्वारा पर्यावरण संरक्षण के साथ ऊर्जा बचत एवं जल प्रबंधन की दिशा में भी प्रभावी कार्य हुए हैं। पंचायत में जिन परिवारों के पास लगभग पांच पशु हैं, उन्हें बायोगैस प्लांट से जोड़ने की पहल है।
इसके लिए कुल 50 परिवारों को चिह्नित किया गया, जिनमें से 12 परिवारों में बायोगैस प्लांट का निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। इससे प्रत्येक परिवार को प्रतिमाह लगभग दो हजार रुपये की बचत हो रही है।
जल और ऊर्जा संरक्षण की पहल
पंचायत क्षेत्र में 35 से 60 कट्ठे तक क्षेत्रफल वाले 10 बड़े तालाबों का विकास किया गया है, जहां मत्स्य पालन के साथ-साथ जल संचयन का कार्य भी किया जा रहा है। नदियों के जीर्णोद्धार के माध्यम से भूजल स्तर प्रबंधन को सुदृढ़ बनाया गया है।
खबरें और भी
पंचायत के विद्यालयों में सोलर प्लेट स्थापित किए गए हैं तथा मिड-डे मील सहित विभिन्न गतिविधियों की निगरानी मोबाइल एप के माध्यम से सुनिश्चित की जा रही है।
यह भी पढ़ें- NEET पेपर लीक से फिर चर्चा में 'भोपाल कनेक्शन', कई राज्यों की परीक्षाओं से भी जुड़ चुके हैं तार
यह भी पढ़ें- बिहार राजस्व विभाग में होगी बंपर भर्ती, AI से होगी सरकारी जमीन की पहचान; मंत्री ने किया कई बदलावों का एलान