सीमांचल के किसानों की चमकेगी किस्मत, बिहार सरकार ने चाय विकास योजना को दी मंजूरी
सीमांचल के किशनगंज, पूर्णिया और कटिहार जिलों में 6.55 करोड़ रुपये की चाय विकास योजना को मंजूरी मिली है। यह योजना चाय की खेती को बढ़ावा देकर किसानों की ...और पढ़ें
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चाय की खेती। फाइल फोटो
HighLights
सीमांचल में 6.55 करोड़ की चाय विकास योजना को मंजूरी।
किशनगंज, पूर्णिया, कटिहार के किसानों की आय में वृद्धि होगी।
चाय की खेती से स्थानीय रोजगार और कृषि विविधीकरण को बढ़ावा।
राज्य ब्यूरो, पटना। सीमांचल में चाय की खेती को प्रोत्साहित करने एवं किसानों की आय में वृद्धि सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है।
सरकार ने किशनगंज, पूर्णिया एवं कटिहार जिले में 6.55 करोड़ रुपये की लागत से चाय विकास योजना को स्वीकृति प्रदान कर दी है। यह योजना सीमांचल में कृषि विविधीकरण को नई गति देने के साथ-साथ किसानों के लिए रोजगार एवं आय के नए अवसर सृजित करेगी।
कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने बुधवार को कहा कि सरकार किसानों की आय बढ़ाने के लिए परंपरागत खेती के साथ-साथ उच्च मूल्य वाली फसलों को बढ़ावा दे रही है। सीमांचल की जलवायु एवं प्राकृतिक परिस्थितियां चाय की खेती के लिए अत्यंत अनुकूल हैं।
स्थानीय रोजगार को मिलेगा बढ़ावा
सरकार इस क्षेत्र की प्राकृतिक क्षमता का अधिकतम उपयोग कर किसानों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में निरंतर कार्य कर रही है। इस योजना से सीमांचल में चाय की खेती का विस्तार होगा, नए किसानों का जुड़ाव बढ़ेगा तथा क्षेत्र में कृषि आधारित उद्यमिता और स्थानीय रोजगार को भी बढ़ावा मिलेगा।
इससे किसानों की आमदनी बढ़ने के साथ-साथ सीमांचल की पहचान देश के उभरते चाय उत्पादक क्षेत्र के रूप में और मजबूत होगी। चाय विकास योजना इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है, जो सीमांचल के कृषि विकास में मील का पत्थर सिद्ध होगी। मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि योजना का क्रियान्वयन पूर्ण पारदर्शिता एवं समयबद्ध ढंग से सुनिश्चित कराएं।
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बिहार में 28 नए अत्याधुनिक अग्निशमन केंद्र बनेंगे, दमकल सेवाएं होंगी और मजबूत : नित्यानंद
बिहार में 340.90 करोड़ रुपये की लागत से 28 नए अत्याधुनिक अग्निशमन केंद्र बनाए जाएंगे। अत्याधुनिक अग्निशमन केंद्र निर्माण के लिए 255.68 करोड़ रुपये केंद्र तथा 85.22 करोड़ रुपये राज्य सरकार खर्च करेगी।
इस योजना के तहत पहली किस्त के रूप में 76.704 करोड़ रुपये की राशि पहले ही जारी की जा चुकी है। केंद्रीय गृह राज्यमंत्री नित्यानंद राय ने बुधवार को राज्यसभा में यह जानकारी सांसद डॉ. भीम सिंह के प्रश्न के उत्तर में दी।
सांसद ने बिहार में अग्निशमन सेवाओं के आधुनिकीकरण, नए अग्निशमन केंद्रों की स्थापना तथा दमकल कर्मियों के प्रशिक्षण को लेकर केंद्र सरकार से जानकारी मांगी थी। गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने उत्तर में बताया कि राज्यों में अग्निशमन सेवाओं के विस्तार एवं आधुनिकीकरण की योजना के तहत 28 नए आधुनिक अग्निशमन केंद्र स्थापित किए जाने हैं।
इनमें से 10 केंद्रों के निर्माण के लिए राज्य सरकार वित्तीय स्वीकृति जारी कर चुकी है। साथ ही आधुनिक अग्निशमन, बचाव एवं प्रशिक्षण उपकरणों की खरीद की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।
मंत्री ने कहा कि अग्निशमन सेवाओं का संचालन राज्यों की जिम्मेदारी है, जबकि केंद्र सरकार तकनीकी एवं वित्तीय सहयोग प्रदान करती है। उन्होंने बताया कि गृह मंत्रालय के अधीन राष्ट्रीय अग्निशमन सेवा महाविद्यालय, नागपुर द्वारा अग्निशमन कर्मियों के लिए आधुनिक अग्निशमन तकनीक, शहरी खोज एवं बचाव, आपदा प्रबंधन,खतरनाक पदार्थों से संबंधित आपातकालीन प्रतिक्रिया, औद्योगिक अग्निशमन, बहुमंजिला भवनों में बचाव, अग्निकांड अन्वेषण तथा आपदा प्रतिक्रिया जैसे विषयों पर नियमित विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।