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    बेऊर जेल में तेज प्रताप का खाने से इनकार, सीने में दर्द के बाद अस्पताल वार्ड में शिफ्ट; JJD ने सरकार को घेरा

    Updated: Sun, 26 Jul 2026 11:28 PM (IST)

    छात्र आंदोलन के दौरान गांधी मैदान थाना में दर्ज मामले में तेज प्रताप यादव को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में बेउर जेल भेजा गया है। उनकी पार्टी जेजेडी न ...और पढ़ें

    तेज प्रताप। फाइल फोटो

    तेज प्रताप। फाइल फोटो

    HighLights

    1. तेज प्रताप यादव को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा।

    2. जेजेडी ने गिरफ्तारी को असंवैधानिक बताया, रिहाई की मांग।

    3. सोमवार को अदालत में दाखिल होगी जमानत याचिका।

    जागरण संवाददाता, पटना। छात्र आंदोलन के दौरान गांधी मैदान थाना में दर्ज मामले में जनशक्ति जनता दल (जेजेडी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मंत्री तेज प्रताप यादव को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में बेउर केंद्रीय कारा भेजे जाने के बाद उनकी पार्टी ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।

    पार्टी ने गिरफ्तारी को असंवैधानिक और अलोकतांत्रिक करार देते हुए सभी मुकदमे वापस लेकर तेज प्रताप यादव को तत्काल रिहा करने की मांग की है। वहीं, उनके अधिवक्ता ने सोमवार को जमानत याचिका दाखिल करने की बात कही है।

    रविवार को जारी बयान में पार्टी के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी मिशाल सिन्हा ने आरोप लगाया कि बिहार बंद के दौरान तेज प्रताप यादव छात्रों की मांगों के समर्थन में शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रख रहे थे। इसके बावजूद शनिवार देर शाम उन्हें बिना पूर्व सूचना और विधिक प्रक्रिया का पालन किए हिरासत में ले लिया गया।

    उन्होंने कहा कि एक जनप्रतिनिधि के साथ इस प्रकार की कार्रवाई लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है। मिशाल सिन्हा ने कहा कि यदि सरकार तेज प्रताप यादव समेत अन्य लोगों पर दर्ज मुकदमे वापस लेकर उन्हें रिहा नहीं करती है, तो पार्टी लोकतांत्रिक और कानूनी तरीके से व्यापक आंदोलन करेगी।

    सोमवार को दाखिल होगी जमानत याचिका 

    उनका आरोप था कि छात्रों की मांगों के समर्थन में उठ रही आवाज को दबाने के लिए झूठे मुकदमे दर्ज किए जा रहे हैं। शांतिपूर्ण प्रदर्शन करना और छात्रों के समर्थन में आवाज उठाना हर नागरिक और जनप्रतिनिधि का संवैधानिक अधिकार है, जिसे पुलिसिया कार्रवाई के जरिए दबाया नहीं जा सकता।

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    तेज प्रताप यादव के अधिवक्ता जगन्नाथ सिंह ने भी गिरफ्तारी की प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए कहा कि इसमें कई अनियमितताएं हुई हैं। उन्होंने बताया कि सोमवार को अदालत में जमानत याचिका दाखिल की जाएगी।

    तेज प्रताप पर बीते शनिवार को पटना में बिहार बंद के दौरान हुए हिंसक प्रदर्शन में शामिल होकर प्रदर्शनकारियों को भड़काने, सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने और सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने के आरोप में गांधी मैदान थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई थी। इसके बाद देर रात उन्हें बेऊर जेल भेज दिया गया था।

    बेउर जेल के अस्पताल वार्ड में गुजरी पहली रात

    शनिवार देर रात गिरफ्तारी के बाद पुलिस तेज प्रताप यादव को आदर्श केंद्रीय कारा, बेउर लेकर पहुंची। जेल प्रशासन के अनुसार सीने में तकलीफ की शिकायत के कारण उन्हें सामान्य बैरक के बजाय जेल के अस्पताल वार्ड में रखा गया है। उनकी स्वास्थ्य स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और सुरक्षा संबंधी सभी निर्धारित प्रक्रियाओं का पालन किया जा रहा है।

    जेल सूत्रों के अनुसार शनिवार रात उन्हें जेल मैनुअल के तहत चूड़ा खाने के लिए दिया गया, लेकिन उन्होंने भोजन करने से इन्कार कर दिया। रविवार सुबह नाश्ता भी उन्होंने नहीं किया। दोपहर में नियमानुसार भोजन उपलब्ध कराया गया, जिसे लेने से भी उन्होंने पहले मना कर दिया।

    बाद में जेल अधिकारियों के समझाने पर उन्होंने रोटी, चावल और थोड़ी-सी सब्जी खाई। जेल प्रशासन का कहना है कि तेज प्रताप यादव के स्वास्थ्य और सुरक्षा को लेकर सभी आवश्यक प्रबंध किए गए हैं तथा चिकित्सकीय निगरानी भी जारी है।

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