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    पटना में सफाई कर्मचारियों की 3 मांगों पर बनी सहमति, सरकार को भेजा जाएगा प्रस्ताव; हड़ताल समाप्त करने की अपील

    Updated: Wed, 05 Aug 2026 08:35 PM (IST)

    पटना नगर निगम ने सफाई कर्मियों की हड़ताल खत्म करने के लिए बड़ा कदम उठाया है। मेयर की अध्यक्षता में हुई बैठक में उनकी तीनों प्रमुख मांगों को सर्वसम्मति ...और पढ़ें

    मौर्यलोक परिसर स्थित नगरनिगम कार्यालय के सामने धरना पर बैठे कर्मी। जागरण

    मौर्यलोक परिसर स्थित नगरनिगम कार्यालय के सामने धरना पर बैठे कर्मी। जागरण

    HighLights

    1. सफाई कर्मियों की तीनों प्रमुख मांगों को मिली सर्वसम्मति से मंजूरी।

    2. प्रस्तावों को अंतिम स्वीकृति के लिए बिहार सरकार को भेजा जाएगा।

    3. आउटसोर्सिंग कर्मियों को अब सीधे बैंक खाते में मिलेगा वेतन।

    जागरण संवाददाता, पटना। नगर निगम ने सफाई कर्मियों की हड़ताल खत्म कराने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। बुधवार को मेयर सीता साहू की अध्यक्षता में सशक्त स्थायी समिति की विशेष बैठक हुई। इसमें सफाई कर्मियों की तीनों प्रमुख मांगों को सर्वसम्मति से मंजूरी दे दी गई।

    अब इन प्रस्तावों को अंतिम स्वीकृति और आगे की कार्रवाई के लिए नगर विकास एवं आवास विभाग, बिहार सरकार को भेजा जाएगा। बैठक के बाद मेयर और नगर आयुक्त यशपाल मीणा ने हड़ताली कर्मचारियों से तुरंत काम पर लौटने की अपील की।

    बैठक में 30 जुलाई से जारी हड़ताल के कारण शहर की बिगड़ी सफाई व्यवस्था और जगह-जगह फैली गंदगी पर चिंता जताई गई। इसके बाद पटना नगर निगम संयुक्त कर्मचारी समन्वय समिति की मांगों पर विस्तार से चर्चा हुई।

    तीन मांगों पर बनी सहमति

    पहली मांग पर समिति ने दैनिक और संविदा पर कार्यरत कर्मचारियों को वेतनमान में समायोजित करने तथा उनकी सेवा सुरक्षा सुनिश्चित करने का प्रस्ताव सरकार को भेजने का फैसला किया।

    साथ ही सरकार से यह भी अनुरोध किया जाएगा कि यदि संभव हो तो नगर निगम को अपने स्तर पर कर्मचारियों के नियमितीकरण की प्रक्रिया शुरू करने का मार्गदर्शन दिया जाए।

    दूसरी मांग पर निर्णय लिया गया कि आउटसोर्सिंग और ठेका एजेंसियों के माध्यम से कार्यरत कर्मियों का वेतन अब किसी बिचौलिए के बजाय सीधे उनके बैंक खातों में भेजा जाएगा।

    संबंधित एजेंसियों को उनका निर्धारित कमीशन अलग से दिया जाएगा। इसके अलावा काम के दौरान वाहन खराब होने की स्थिति में चालकों का वेतन काटने की व्यवस्था तत्काल प्रभाव से समाप्त करने का भी फैसला लिया गया।

    तीसरी मांग पर समिति ने एसीपी और एमएससीपी योजना के लाभ पर विभाग की ओर से लगी रोक हटाने के लिए सरकार से पत्राचार करने का निर्णय लिया। रोक हटते ही पात्र कर्मचारियों को योजना का लाभ देने पर भी सहमति बनी।

     सफाई कर्मियों का जल्द काम पर लौटना जरूरी: नगर आयुक्त 

    नगर आयुक्त यशपाल मीणा ने कहा कि विभाग के प्रधान सचिव और कर्मचारी संघ के नेताओं के बीच हुई सकारात्मक वार्ता के बाद ही यह विशेष बैठक बुलाई गई थी।

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    नगर निगम हमेशा कर्मचारियों के हितों का ध्यान रखता रहा है और आगे भी रखेगा। उन्होंने कहा कि शहर को गंदगी और संभावित महामारी से बचाने के लिए सफाई कर्मियों का जल्द काम पर लौटना जरूरी है।

    बैठक में उपमहापौर रेशमी कुमारी, सशक्त स्थायी समिति के सदस्य, अपर नगर आयुक्त सहित अन्य अधिकारियों ने भी भाग लिया। नगर निगम को उम्मीद है कि सरकार के स्तर पर प्रस्तावों पर जल्द निर्णय होने के बाद हड़ताल समाप्त होगी और राजधानी की सफाई व्यवस्था फिर से सामान्य हो सकेगी।

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