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    पीएमसीएच की इमरजेंसी में बदलाव, ट्रायज के दो से पांच मिनट में शुरू होगा मरीज का इलाज

    Updated: Mon, 13 Jul 2026 07:00 AM (GMT+05:30)

    पीएमसीएच पटना ने इमरजेंसी सेवाओं में बड़ा बदलाव किया है, अब ट्रायज के बाद मरीजों का इलाज 2-5 मिनट के भीतर शुरू हो जाएगा। ...और पढ़ें

    पीएमसीएच पटना। (जागरण)

    पीएमसीएच पटना। (जागरण)

    जागरण संवाददाता, पटना। पटना मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (पीएमसीएच) ने इमरजेंसी सेवाओं को अधिक प्रभावी और त्वरित बनाने के लिए ट्रायज व्यवस्था में महत्वपूर्ण बदलाव किया है।

    अब इमरजेंसी में पहुंचने वाले मरीजों का ट्रायज (गंभीरता के आधार पर प्राथमिकता तय करने की प्रक्रिया) पूरी होने के बाद दो से पांच मिनट के भीतर इलाज शुरू कर दिया जाएगा।

    अस्पताल प्रशासन का उद्देश्य गंभीर मरीजों को गोल्डन आवर के दौरान उपचार उपलब्ध कराना है, ताकि मरीज की जान बचाई जा सके।

    पीएमसीएच के अधीक्षक डॉ. राजीव कुमार सिंह ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग के निर्देश के बाद इमरजेंसी व्यवस्था में कई सुधार किए गए हैं।

    पहले ट्रायज के बाद इलाज शुरू होने में 20 से 25 मिनट तक का समय लग जाता था, लेकिन अब इस अवधि को घटाकर दो से पांच मिनट कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि नई व्यवस्था में पहली प्राथमिकता मरीज का इलाज है, जबकि पंजीकरण और अन्य औपचारिकताएं बाद में पूरी कराई जाती हैं।

    नई व्यवस्था से सड़क दुर्घटना, हृदयाघात, स्ट्रोक, गंभीर चोट और अन्य आपातकालीन स्थितियों में आने वाले मरीजों को त्वरित चिकित्सा सुविधा मिलने की उम्मीद है।

    अस्पताल प्रशासन का मानना है कि इससे इमरजेंसी सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार होगा और गंभीर मरीजों के उपचार के परिणाम भी बेहतर होंगे।

    रंग आधारित ट्रायज प्रणाली लागू

    अस्पताल में मरीजों की गंभीरता के अनुसार रंग आधारित ट्रायज प्रणाली लागू है। लाल श्रेणी में अत्यंत गंभीर मरीजों को तत्काल उपचार दिया जाता है।

    पीली श्रेणी के मरीजों को द्वितीय प्राथमिकता दी जाती है। हरी श्रेणी में सामान्य मरीजों का उपचार किया जाता है, जबकि काली श्रेणी उन मरीजों के लिए होती है, जिनमें जीवन की संभावना नहीं रहती।

    इसी वर्गीकरण के आधार पर चिकित्सक उपचार की प्राथमिकता तय करते हैं। अस्पताल प्रशासन ने यह कदम इमरजेंसी सेवाओं को और संवेदनशील एवं जवाबदेह बनाने की दिशा में उठाया है।

    हाल के महीनों में इमरजेंसी में समय पर इलाज सुनिश्चित करने को लेकर स्वास्थ्य विभाग ने भी सभी सरकारी मेडिकल कालेज अस्पतालों को स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए हैं।

    डॉ. राजीव कुमार सिंह ने कहा कि इमरजेंसी में आने वाले प्रत्येक मरीज का समय पर उपचार सुनिश्चित करना अस्पताल की सर्वोच्च प्राथमिकता है।

    इसके लिए चिकित्सकों, नर्सिंग स्टाफ और ट्रायज टीम को आवश्यक निर्देश दिए गए हैं, ताकि किसी भी गंभीर मरीज के उपचार में अनावश्यक विलंब न हो।

    अमन गुप्ता की मौत के बाद गठित कमेटी की रिपोर्ट पर हुई पहल

    करीब एक महीने पहले सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल आनंदपुरी निवासी अमन गुप्ता की मौत समय पर इलाज शुरू नहीं होने के कारण हो गई थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में अधिक रक्तस्राव को मौत का कारण बताया गया था।

    मामले में पीएमसीएच प्रशासन ने टीम गठित की थी। टीम ने ट्रायज व्यवस्था में आवश्यक बदलाव का सुझाव दिया है। इस घटना से सबक लेते हुए अस्पताल प्रशासन ने अब ट्रायज में आने वाले मरीजों का इलाज जल्द से जल्द शुरू करने का नियम बनाया है।

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