पूर्णिया के 37 मौजों से गुजरेगा नया सिक्स-लेन एक्सप्रेसवे, अंतिम चरण में भूमि अधिग्रहण के सर्वे का काम
पूर्णिया-पटना ग्रीनफील्ड सिक्स लेन एक्सप्रेसवे (राष्ट्रीय एक्सप्रेसवे-9) के निर्माण के लिए भूमि अधिग्रहण और संयुक्त भौतिक सत्यापन का काम तेजी से चल रह ...और पढ़ें

एआई द्वारा जेनरेट इमेज।
HighLights
पूर्णिया-पटना एक्सप्रेसवे के लिए भूमि अधिग्रहण तेज।
यात्रा समय 6-7 घंटे से घटकर 3 घंटे होगा।
245 किमी लंबा, 27,000 करोड़ का प्रोजेक्ट।
मनोज कुमार, पूर्णिया। राज्य के पहले ग्रीनफील्ड सिक्स लेन एक्सप्रेस वे निर्माण की दिशा में काम तेजी से शुरू हो गया है। प्रशासनिक कवायद अब जमीन पर उतरने लगी है।
डीपीआर को स्वीकृति मिलने के बाद अब भूमि अधिग्रहण और सत्यापन का काम जोरों पर है। पूर्णिया में ज्वाइंट मैनेजमेंट सर्वे (जमीन का संयुक्त भौतिक सत्यापन) और मौजा-वार खेसरा पंजी तैयार करने की प्रक्रिया भू-अर्जन कार्यालय और एनएचएआई द्वारा तेजी से की जा रही है।
इसके बाद संबंधित भूमि का दर निर्धारण और भूस्वामी का मुआवजा तय होगा। इसके साथ ही संबंधित इलाके के किसानों की दिलचस्पी भी बढ़ने लगी है तथा मुआवजा आदि की जानकारी के लिए वे लोग अंचल आदि की दौड़ लगाने लगे हैं।
इस संबंध में अपर समाहर्ता रवि राकेश ने बताया कि ग्रीनफील्ड के लिए चिह्नित भूमि के ज्वाइंट मैनेजमेंट सर्वे का काम अब अंतिम चरण में है।
सर्वे के बाद थ्री डी का काम शुरू होगा जिसके तहत जमीन अधिग्रहण के लिए अधिसूचना जारी की जाएगी। जिसके बाद संबंधित भू स्वामियों की इस पर आपत्ति ली जाएगी और उसका निष्पादन किया जाएगा। फिर संबंधित भू स्वामियों को मुआवजा और जमीन अधिग्रहण का कार्य शुरू हो जाएगा।
बताया कि जल्द ही ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस हाइवे का निर्माण शुरू हो जाएगा जिससे पूर्णिया से पटना की दूरी मात्र तीन घंटे में तय की जा सकेगी।
पूर्णिया के 37 राजस्व मौजों से होकर गुजरेगा एक्सप्रेस वे
करीब 245 किमी लंबा पूर्णिया-पटना ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस वे के निर्माण पर लगभग 27,000 करोड़ से अधिक की राशि खर्च होने का अनुमान है।
यह एक्सप्रेसवे पूर्णिया के डगरूआ प्रखंड अंतर्गत चांद भाठी से शुरू होकर मधेपुरा, सहरसा, दरभंगा, समस्तीपुर, दरभंगा होकर पटना के वैशाली (सराय) जाकर समाप्त होगी।
पूर्णिया जिले में यह यह छह प्रखंडों से होकर गुजरेगी। एक्सप्रेस वे डगरूआ, कसबा, पूर्णिया पूर्व, केनगर, धमदाहा और बड़हरा कोठी के कुल 37 राजस्व मौजों की जमीन इसके लिए अधिग्रहित की जाएगी।
इस सिक्स-लेन एक्सप्रेसवे के बनने के बाद, पटना से पूर्णिया का सफर जो अभी 6 से 7 घंटे लगता है, वह मात्र 03 घंटे में पूरा हो सकेगा।
इससे न केवल पटना से पूर्णिया तक की यात्रा का समय काफी कम हो जाएगा, बल्कि आसपास के गांवों और कस्बों की कनेक्टिविटी में भी जबरदस्त सुधार होगा। साथ ही शहरों के बीच संपर्क भी बेहतर होगा और यात्रा का समय काफी कम हो जाएगा।
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राष्ट्रीय एक्सप्रेस वे-9 होगा नाम
पूर्णिया-पटना ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस वे का नामकरण केंद्र सरकार द्वारा कर दिया गया है। इस मार्ग को राष्ट्रीय एक्सप्रेसवे-9 नाम देकर इसका व्यापक उन्नयन किया गया है।
यह बिहार की सीमा के भीतर पूरी तरह से विकसित होने वाला पहला एक्सप्रेसवे है। जिले में इसकी लंबाई लगभग 60 किमी होगी। इसके लिए उक्त छह अंचल के 2740 खेसरा से 543 हेक्टेयर 84 डिसमिल व 55 वर्ग कड़ी जमीन का अधिग्रहण होना है।
पटना से आने वाले एक्सप्रेस-वे की एंट्री जिले के बीकोठी प्रखंड में होगी, जबकि डगरूआ प्रखंड में यह सपाप्त होगी। उक्त सड़क निर्माण से क्षेत्र की आर्थिक गतिविधि में वृद्धि होने की संभावना है।
कनेक्टिविटी में वृद्धि से कई बड़ी कंपनियां कारखानों और विनिर्माण इकाइयों के विकास में और अधिक निवेश करेंगे जिससे यहां रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। उम्मीद है दो साल में यह एक्सप्रेस वे का निर्माण पूरा हो जाएगा।
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