‘खाकी: द बिहार चैप्टर’ वाले इलाके में ट्रिपल मर्डर से सनसनी; शेखपुरा में रील बनाने वाले दोस्तों के ग्रुप में क्या है राज?
शेखपुरा के कसार थाना क्षेत्र में, जो 'खाकी: द बिहार चैप्टर' वेब सीरीज से जुड़ा है, तीन हत्याओं से सनसनी फैल गई है। पहले एक बच्चे का अपहरण और फिर दो कि ...और पढ़ें

तीन-तीन हत्याओं से उठे सवाल।
HighLights
शेखपुरा के कसार थाना क्षेत्र में तीन हत्याएं हुईं।
दो किशोरों की लाश तालाब में बोरे में मिली।
रील बनाने वाले दोस्तों का समूह जांच के दायरे में।
अरुण साथी, शेखपुरा। कुख्यात अशोक महतो पर बने ''खाकी: द बिहार चैप्टर'' वेब सीरीज का कथानक इसी कसार थाना के आसपास घूमता रहा है।
अब इसी थाना क्षेत्र में तीन हत्या ने सनसनी मचा दी है। इसी थाना क्षेत्र के बरसा गांव से 7 मई को अपहृत कन्हैया पंडित के पांच वर्षीय पुत्र दीपांशु का कंकाल नवादा के कौआकोल के जंगल से मिला था।
इसका उद्भेदन पुलिस ने 16 मई को कर लिया। यह साइबर अपराध में रुपए लेन देन का मामला था। उधर, पुलिस ने इसका उद्भेदन किया, इधर इसी दिन दो किशोर गायब हो गए।
जिस दिन एक का उद्भेदन, उसी दिन दो किशोर गायब
उनकी लाश गांव के ही तालाब में बोरे में बंद मिली। दोनों की पहचान प्रमोद पासवान के 12 वर्षीय पुत्र अंकुश और राजाराम राउत के 13 वर्षीय पुत्र प्रिंस कुमार के रूप में की गई।
दोनों किशोरों की लाश उठाने में चिलचिलाती धूप में पुलिस का दिन भर परिश्रम करना पड़ा। एफएसएल जांच दल और खोजी कुत्ता आने के बाद भी परिजन नहीं मान रहे थे।
खोजी कुत्ता मृतक के घर ही चला गया। इससे लोग उग्र हो गए। शाम में किसी तरह शव को बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया।
आम और 12 नंबर बोरा
घटना स्थल पर दोनों मृतक किशोरों के स्वजन अलग-अलग बिलख रहे थे। एक महिला ने रोते हुए बताया कि रविवार को ही प्रिंस ने आम बेच कर घर में पैसा दिया था।
छानबीन में पता चला कि उसका कोई अपना बगीचा नहीं था। वहीं गई लोग यह भी बोलते मिले कि यदि कुछ गलती किया था तो अभिभावक को कहना चाहिए था, बच्चा का जान नहीं लेना चाहिए था।
वहीं लाश बरामद हुए बोरे में लिखा 12 नंबर भी इस हत्या के रहस्य को सुलझा सकता है। दरअसल कई महिला 12 नंबर को लेकर चर्चा कर रही थी कि यह 12 नंबर गेहूं पीसने के दौरान आटा चक्की मील में गेहूं का वजन कर करके लिखा जाता है। इससे मील संचालक से यह जानकारी मिल सकती है।
रील बनाने का शौकीन, चार दोस्तों का समूह
इस पूरे मामले में चार दोस्तों का समूह चर्चा में है। इसमें से दो की हत्या की गई। ये किशोर रिल बनाने का शौकीन था। उधर, अवर पुलिस अधीक्षक राकेश कुमार ने बताया कि ये किशोर माता पिता के मोबाइल से रिल बनाते थे।
खबरें और भी
मृतक प्रिंस के चाचा संजय पासवान ने बताया कि एक दिन पहले बोरा तालाब से थोड़ी दूर, नरकटिया के खेत में देखा गया था।
गांव में इस बात की भी चर्चा है कि किशोरों के गायब होने पर भी माता पिता ने पुलिस को सूचना क्यों नहीं दी। साथ ही यह भी चर्चा करते लोग मिले के सभी दोस्त गांव के दुकान से प्रति दिन कई तरह के सामाग्री खरीद कर खाते थे।