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    सिवान में अपना रोजगार शुरू करने का मौका, कोल्ड प्रेस ऑयल मिल खोलने पर सरकार देगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी

    Updated: Wed, 15 Jul 2026 07:36 PM (GMT+05:30)

    सिवान में किसानों को कृषि आधारित उद्यमों को बढ़ावा देने के लिए कोल्ड प्रेस तेल मिल और पैकेजिंग यूनिट लगाने पर 50% तक सब्सिडी मिलेगी। प्रधानमंत्री राष् ...और पढ़ें

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    HighLights

    1. सिवान में कोल्ड प्रेस तेल मिल पर 50% तक सब्सिडी।

    2. किसानों को तिलहन प्रसंस्करण और पैकेजिंग यूनिट लगाने में मदद।

    3. प्रधानमंत्री कृषि विकास योजना के तहत आवेदन जल्द शुरू होंगे।

    जागरण संवाददाता, सिवान। जिले के किसानों के लिए मूल्य संवर्धन और कृषि आधारित उद्यम को बढ़ावा देने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। प्रधानमंत्री राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत वित्तीय वर्ष 2026-27 में कोल्ड प्रेस तेल मिल एवं पैकेजिंग यूनिट लगेगी। इसको लेकर कृषि विभाग तैयारी में जुट गया है।

    योजना का उद्देश्य किसानों को सरसों, तिल, मूंगफली जैसे तिलहनों का स्थानीय स्तर पर प्रसंस्करण करने के लिए प्रोत्साहित करना है। इसके साथ ही ब्रांडिंग और पैकेजिंग यूनिट के लिए भी सरकार सहायता देगी। इसके लिए आवेदकों को कृषि विभाग की वेबसाइट पर ऑनलाइन आवेदन करना होगा।

    चयन आधारित ऑनलाइन आवेदन के आधार पर जिला स्तरीय समिति करेगी। अधिक आवेदन आने पर लाटरी के माध्यम माध्यम से चयन होगा। चयनित लाभार्थियों को एक माह के भीतर बैंक ऋण स्वीकृत कराना होगा तथा अगले महीने मशीनों की खरीद एवं स्थापना पूरी करनी होगी।

    योजना स्वीकृत होने के दो से तीन माह के भीतर उत्पादन शुरू करना भी अनिवार्य रहेगा। सामान्य वर्ग के किसानों को पैकेजिंग यूनिट के लिए 1.20 लाख रुपये अथवा लागत का 40 प्रतिशत, जबकि एससी-एसटी वर्ग के लाभार्थियों को 1.50 लाख रुपये अथवा लागत का 50 प्रतिशत तक अनुदान मिलेगा।

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    क्या है कोल्ड प्रेस आयल?

    यह तेल निकालने की एक प्रक्रिया है, जिसमें बिना बीजों को गर्म किए (बिना हीट के) यांत्रिक दबाव से तेल निकाला जाता है। पारंपरिक तरीके या रिफाइनरी तेल मिलों के विपरीत, इसमें उच्च तापमान और केमिकल का प्रयोग नहीं किया जाता है, इससे तेल का प्राकृतिक स्वाद, खुशबू और सभी पोषक तत्व यथा विटामिन और एंटी-आक्सीडेंट सुरक्षित रहते हैं।

    जिला कृषि पदाधिकारी आलोक कुमार ने बताया कि योजना के तहत 10 एचपी या इससे अधिक क्षमता वाली इलेक्ट्रिक मोटर संचालित कोल्ड प्रेस आयल मिल लगाने पर सामान्य वर्ग के लाभार्थियों को अधिकतम दो लाख रुपये अथवा परियोजना लागत का 40 प्रतिशत (जो कम हो) अनुदान मिलेगा।

    वहीं, अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति वर्ग के किसानों को अधिकतम 2.50 लाख रुपये अथवा लागत का 50 प्रतिशत तक सहायता दी जाएगी। इसके लिए आवेदन की प्रक्रिया जल्द ही शुरू कर दी जाएगी। 

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