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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 03, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट के चोरी होने या खोने पर क्या करना होगा? परिवहन विभाग ने जारी की गाइडलाइन

    Updated: Mon, 03 Mar 2025 06:56 PM (IST)

    Transport Department सिवान में परिवहन विभाग ने नया आदेश जारी किया है। वाहनों के फर्जी नंबर प्लेट बनाने पर रोक लगाने और वाहन चोरी पर नियंत्रण करने को ल ...और पढ़ें

    हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट को लेकर आया नया अपडेट। (सांकेतिक फोटो)
    हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट को लेकर आया नया अपडेट। (सांकेतिक फोटो)

    HighLights

    1. वाहन 4 पोर्टल पर अपलोड करनी होगी प्राथमिकी की कॉपी
    2. आगे और पीछे की प्लेटों के लिए अलग-अलग 10 अंकों का होता है यूनिक कोड

    जागरण संवाददाता, सिवान। परिवहन विभाग ने वाहनों के फर्जी नंबर प्लेट बनाने पर रोक लगाने और वाहन चोरी पर नियंत्रण करने को लेकर नया निर्देश जारी किया है। अब हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट (एचएसआरपी) खोने, चोरी होने या टूट जाने की स्थिति में भी प्राथमिकी कराना अनिवार्य कर दिया गया है।

    इस नए नियम को लागू किए जाने से डुप्लीकेट नंबर प्लेट के दुरुपयोग को रोका जा सकेगा। विभाग द्वारा जारी निर्देश में कहा गया है कि यदि किसी वाहन की हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट गुम हो जाती है या चोरी हो जाती है, तो वाहन मालिक को संबंधित थाने में इसकी रिपोर्ट दर्ज करानी होगी।

    इसके बाद एफआईआर की कॉपी वाहन 4 पोर्टल पर अपलोड करनी होगी। जब तक यह प्रक्रिया पूरी नहीं होगी, तबतक नया नंबर प्लेट जारी नहीं किया जाएगा। बता दें कि अब तक लोग केवल वाहन चोरी होने पर ही पुलिस थाने में एफआईआर दर्ज कराते थे।

    एचएसआरपी से वाहन को ट्रैक करना होगा आसान

    प्रभारी जिला परिवहन पदाधिकारी रवि रंजन ने बताया कि हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट (एचएसआरपी) में कई विशेष सुरक्षा फीचर होते हैं। इसमें लेजर मार्किंग, होलोग्राम और जीपीएस आधारित चिप होता है। इससे वाहन की लोकेशन को ट्रैक करना आसान हो जाता है।

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    यह तकनीक चोरी हुए वाहनों को जल्दी पकड़ने में मदद करेगी और बदमाशों व चोरों द्वारा वाहनों के दुरुपयोग को रोकने में कारगर साबित होगी। हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट में आगे और पीछे की प्लेटों के लिए अलग-अलग 10 अंकों का यूनिक कोड होता है।

    यह नई व्यवस्था ना केवल सुरक्षा को मजबूत बनाएगी, बल्कि अवैध नंबर प्लेटों के इस्तेमाल पर भी रोक लगाएगी। इससे वाहन मालिकों को भी लाभ मिलेगा, क्योकि चोरी या दुर्घटना की स्थिति में उनका वाहन ट्रैक करना आसान होगा।

    नई नंबर प्लेट पाने के लिए करनी होगी ये प्रक्रिया 

    हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट (एचएसआरपी) चोरी, गुम या क्षतिग्रस्त हो जाने पर संबंधित क्षेत्र के थाना में प्राथमिकी करानी होगी। वहीं, एफआईआर की कॉपी को वाहन 4 पोर्टल पर अपलोड करना होगा। इसके बाद अधिकृत डीलर से संपर्क कर नया नंबर प्लेट के लिए आवेदन करना होगा।

    क्षतिग्रस्त पुराने नंबर प्लेट के टुकड़े को नष्ट करते हुए उसका रिकॉर्ड रखा जाएगा। इसके बाद वाहन स्वामी को नया नंबर प्लेट उपलब्ध कराया जाएगा।

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