कमजोर रहा भारत के मसालों का कारोबार, विदेशी एक्सपोर्ट में फीके पड़े देसी मसाले
वित्त वर्ष 2025-26 में भारत के मसाला निर्यात में मात्रा और मूल्य दोनों में गिरावट आई है, खासकर मिर्च, जीरा और हल्दी में। हालांकि, काली मिर्च, छोटी इला ...और पढ़ें

भारत के मसाला एक्सपोर्ट में 6 फीसदी की गिरावट
HighLights
वित्त वर्ष 2025-26 में भारत के मसाला निर्यात में गिरावट।
मिर्च, जीरा और हल्दी के निर्यात में भारी कमी।
काली मिर्च, छोटी इलायची के निर्यात मूल्य में वृद्धि।
नई दिल्ली| मसालों के उत्पादन में टॉप देशों में शामिल भारत के मसाला निर्यात में गिरावट आई है। स्पाइसेस बोर्ड ऑफ इंडिया के अनुसार वित्त वर्ष 2025-26 में भारत के मसालों के निर्यात में मात्रा के हिसाब से 4% और मूल्य के हिसाब से 6% की सालाना गिरावट दर्ज की गई। भारतीय मसालों के निर्यात में 2025-26 के दौरान इसी अवधि के 4.72 बिलियन डॉलर की तुलना में 6 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई और यह 4.43 बिलियन डॉलर रहा।
मिर्च के एक्सपोर्ट में कमी
मिर्च, जो मात्रा और मूल्य दोनों ही दृष्टि से मसालों के निर्यात में सबसे बड़ा उत्पाद है। इसके निर्यात में चीन और बांग्लादेश जैसे प्रमुख खरीदारों से कम मांग के कारण मिर्च मात्रा में 4 प्रतिशत और मूल्य में 12 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। मूल्य के हिसाब से मिर्च का निर्यात पिछले वर्ष के 1.34 अरब डॉलर के मुकाबले 12 फीसदी घटकर 1.17 अरब डॉलर रह गया।
जीरा-हल्दी के निर्यात में भारी गिरावट
मिर्च के साथ ही जीरा के निर्यात में भी गिरावट आई है। मात्रा के हिसाब से निर्यात पिछले साल के 2.29 लाख टन की तुलना में 14 प्रतिशत घटकर 1.96 लाख टन रह गया। वहीं मूल्य के हिसाब से जीरा का निर्यात पिछले साल के 732 मिलियन डॉलर से 28 प्रतिशत घटकर मात्र 524.22 मिलियन डॉलर रह गया।
हल्दी की शिपमेंट में भी भारी गिरवट दर्ज की गई है। बता दें कि पिछले साल के 341 मिलियन डॉलर के मुकाबले 4 प्रतिशत घटकर 327 मिलियन डॉलर रह गई। इसके साथ ही पुदीने से बने उत्पादों के निर्यात में पिछले वर्ष के 417 मिलियन डॉलर की तुलना में 15 प्रतिशत की गिरावट आई और यह 354 मिलियन डॉलर रहा।
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इन मसालों का एक्सपोर्ट बढ़ा
बिजनेसलाइन में छपी खबर के अनुसार काली मिर्च के निर्यात में मात्रा में 5 प्रतिशत की गिरावट आई है। उसके बावजूद, पिछले साल के 124.5 मिलियन डॉलर की तुलना में इस बार 137.84 मिलियन डॉलर की अच्छी कीमत के चलते 11 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई। छोटी इलायची का एक्सपोर्ट पिछले साल के 184 मिलियन डॉलर की तुलना में 124 फीसदी बढ़कर 413 मिलियन डॉलर हो गया।
इमली का निर्यात पिछले साल के 35.78 मिलियन डॉलर की तुलना में 50.77 मिलियन डॉलर हो गया, जिसमें 42 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज हुई। करी पाउडर और पेस्ट का निर्यात पिछले साल के 247.59 मिलियन डॉलर की तुलना में 5 प्रतिशत बढ़ा और आंकड़ा 259.98 मिलियन डॉलर हो गया।