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    Vedanta demerger: वेदांता डीमर्जर से सीधे 84 रुपये की हर शेयर पर होगी कमाई, नुवामा रिसर्च ने कही बड़ी बात

    Updated: Sun, 23 Nov 2025 12:55 PM (IST)

    वेदांता के डीमर्जर (Vedanta demerger) से निवेशकों को प्रति शेयर 84 रुपये का सीधा लाभ होगा। इस खबर से निवेशकों में उत्साह है और कंपनी के भविष्य को लेकर ...और पढ़ें

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    HighLights

    1. वेदांता डीमर्जर: प्रति शेयर ₹84 का लाभ

    2. नुवामा रिसर्च का सकारात्मक दृष्टिकोण

    3. शेयरों में उछाल की संभावना

    नई दिल्ली। वेदांता लिमिटेड ने अपने कारोबार को पांच अलग-अलग कंपनियों में विभाजित (Vedanta demerger) करने का फैसला किया है। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि क्या वेदांता के शेयर की कीमत में और तेज़ी आने की गुंजाइश है ? नुवामा इंस्टीट्यूशनल इक्विटीज़ ने वेदांता के लिए अपनी 'खरीदें' रेटिंग बरकरार रखी है। ब्रोकरेज ने 686 रुपये का टारगेट प्राइस तय किया है, जो 34% की बढ़त है। उनके अनुसार, कमोडिटी की कीमतों में तेजी के साथ, वेदांता का डीमर्जर, डिलीवरी और डीलीवरेजिंग (3D) पर ध्यान केंद्रित करना फायदे भरा साबित हो रहा है।

    इसके अलावा, वेदांता के लिए खास बातें जो उसके लिए पॉजिटिव हैं उनमें दिसंबर 2025 में एनसीएलटी से पक्ष में वित्त वर्ष 2026 के अंत तक डीमर्जर की संभावना है। वहीं खर्ज में डूबी कंपनी की खरीद से हटना (जेपी एसोसिएट्स को नहीं खरीदना) और जनवरी 2026 तक 20 रुपये प्रति शेयर डिविडेंड (डीपीएस) शामिल हैं।

    वेदांता (मुख्य कंपनी, जिसमें जिंक और अन्य व्यवसाय रहेंगे)

    वेदांता एल्यूमिनियम मेटल
    वेदांता पावर
    वेदांता ऑयल एंड गैस
    वेदांता आयरन एंड स्टील

    इन चार नई इकाइयों को अलग-अलग एनएसई और बीएसई पर लिस्ट किया जाएगा।

    मौजूदा वेदांता शेयरधारकों को उनके हर एक शेयर के बदले नई चार कंपनियों में भी 1:1 अनुपात में एक-एक शेयर मिलेगा। मुंबई बेंच ऑफ नेशनल कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल (NCLT) ने डीमर्जर योजना पर अपना फैसला सुरक्षित रख लिया है।

    नुवामा रिसर्च में क्या कहा गया

    नुवामा रिसर्च का मानना है कि प्रस्तावित इस पांच-टुकड़ों में डीमर्जर से करीब ₹84 प्रति शेयर की अतिरिक्त वैल्यू अनलॉक हो सकती है, क्योंकि हर व्यवसाय को अलग-अलग मूल्यांकन मिलेगा और उनके अपने फंडामेंटल्स के हिसाब से वैल्यूएशन मल्टीपल्स में सुधार होगा।

    रिसर्च फर्म को उम्मीद है कि दिसंबर में NCLT का ऑर्डर आ जाएगा और वित्त वर्ष 2026 के अंत तक डीमर्जर प्रक्रिया पूरी हो जाएगी। कंपनी ने यह कदम ऐसे समय उठाया है जब एल्यूमिनियम, पावर और जिंक ऑपरेशंस में तेजी आ रही है, लागत घट रही है और कर्ज का स्तर सुधर रहा है।

    खबरें और भी

    नुवामा के अनुसार, डीमर्जर के बाद वेदांता का फेयर वैल्यू और बेहतर होगा। इस कदम से एल्यूमिनियम, स्टील और पावर जैसे व्यवसायों के वैल्यूएशन मल्टीपल्स में उछाल आएगा।

    नुवामा ने कहा कि, “हमारा मौजूदा फेयर वैल्यू ₹686 है, जो डीमर्जर प्रभावी होने के बाद ₹84 प्रति शेयर और बढ़ जाएगा।

    फिलहाल सभी एल्यूमिनियम कंपनियों की वैल्यू एल्यूमिनियम कीमतों में बदलाव के प्रति 3–5% संवेदनशील होती है, लेकिन डीमर्जर के बाद वेदांता एल्यूमिनियम की संवेदनशीलता 8% तक हो जाएगी।

    डीमर्जर के साथ एल्यूमिनियम व्यवसाय को 6.0x से ज्यादा EV/EBITDA मल्टीपल मिलने की उम्मीद है। अगर मल्टीपल में सिर्फ 0.5 गुना की भी बढ़ोतरी होकर 6.5x हो जाए, तो भी फेयर वैल्यू में ₹36 प्रति शेयर का इजाफा होगा। कुल मिलाकर नुवामा को डीमर्जर से करीब ₹84 प्रति शेयर की अतिरिक्त वैल्यू अनलॉक होने की उम्मीद है।

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    (डिस्क्लेमर: यहां शेयरों को लेकर दी गई जानकारी निवेश की राय नहीं है। चूंकि, स्टॉक मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है इसलिए निवेश करने से पहले किसी सर्टिफाइड इन्वेस्टमेंट एडवाइजर से परामर्श जरूर करें।)