पहली बार खिताब बचाने उतरेगी RCB की टीम, IPL 2026 में कप्तान रजत पाटीदार के लिए क्या होगी सबसे बड़ी चुनौती?
रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु इस बार पहली बार गत चैंपियन के रूप में IPL 2026 में उतरेगी। कप्तान रजत पाटीदार के सामने सबसे बड़ी चुनौती घरेलू मैदान पर सभी मैच ...और पढ़ें

रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु
HighLights
RCB पहली बार गत चैंपियन के रूप में IPL 2026 में उतरेगी
घरेलू मैदान बेंगलुरु में कम मैच, रायपुर में भी मुकाबले
वेंकटेश अय्यर सहित आठ नए खिलाड़ी टीम में शामिल हुए
जागरण न्यूज नेटवर्क, नई दिल्ली। रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु इस बार के सीजन में पहली बार गत चैंपियन के रूप में मैदान पर उतरेगी। रजत पाटीदार की कप्तानी में टीम ने पिछले सीजन में इतिहास रचते हुए अपना पहला आईपीएल खिताब जीता था, लेकिन इस बार उनके सामने चुनौतियां कम नहीं होंगी। सुरक्षा कारणों के चलते टीम अपने सभी घरेलू मुकाबले बेंगलुरु के एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम में नहीं खेल पाएगी।
इसके अलावा कुछ मैच रायपुर में आयोजित किए जाएंगे, जो आरसीबी के लिए अपेक्षाकृत नया घरेलू मैदान होगा। इस कारण परिस्थितियों के साथ तालमेल बिठाना टीम के लिए एक बड़ी चुनौती बन सकता है। फिलहाल घोषित कार्यक्रम के अनुसार आरसीबी अपने शुरुआती चरण में केवल दो मैच बेंगलुरु में खेलेगी, जबकि पूरे लीग चरण में उसे महज पांच मुकाबले ही अपने पारंपरिक घरेलू मैदान पर खेलने का मौका मिलेगा।
RCB ने नीलामी में जोड़े 8 खिलाड़ी
नीलामी से पहले आरसीबी ने कुछ बड़े खिलाड़ियों को रिलीज कर चौंकाया था, जिनमें लियाम लिविंगस्टोन, मयंक अग्रवाल और लुंगी एनगिडी जैसे नाम शामिल थे। इनके अलावा मनोज भंडागे, मोहित राठी को भी टीम से बाहर किया गया। अबू धाबी में आयोजित नीलामी में फ्रेंचाइजी ने संतुलन साधने की कोशिश करते हुए आठ नए खिलाड़ियों को अपने साथ जोड़ा। इनमें सबसे बड़ी खरीद ऑलराउंडर वेंकटेश अय्यर रहे, जिन्हें सात करोड़ रुपये में टीम में शामिल किया गया।
अय्यर की मौजूदगी से टीम को बल्लेबाजी के साथ-साथ अतिरिक्त गेंदबाजी विकल्प भी मिलेगा। इसके अलावा तेज गेंदबाजी आक्रमण को मजबूत करने के लिए जैकब डफी, बाएं हाथ के विकल्प के रूप में मंगेश यादव और जॉर्डन कॉक्स को भी जोड़ा गया।
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सबसे बड़ी ताकत टीम का संतुलन
आरसीबी की सबसे बड़ी ताकत उसका संतुलन नजर आता है। पिछले सीजन की खिताबी एकादश के अधिकांश खिलाड़ी इस बार भी टीम का हिस्सा हैं, जिससे शुरुआती मैचों में संयोजन को लेकर ज्यादा परेशानी नहीं होगी। बल्लेबाजी क्रम में विराट कोहली, फिल सॉल्ट, कप्तान रजत पाटीदार और टिम डेविड जैसे खिलाड़ी टीम को मजबूती प्रदान करते हैं। वेंकटेश अय्यर के जुड़ने से बल्लेबाजी क्रम में और गहराई आई है। इसके साथ ही नंबर तीन या चार पर लचीलेपन का विकल्प भी उपलब्ध हुआ है। जरूरत पड़ने पर वह गेंद से भी योगदान दे सकते हैं, जो टीम संतुलन के लिहाज से बेहद अहम है।
गेंदबाजी विभाग भी मजबूत
गेंदबाजी विभाग में भी आरसीबी मजबूत नजर आती है। जोश हेजलवुड और भुवनेश्वर कुमार की जोड़ी एक बार फिर नई गेंद से विपक्षी बल्लेबाजों पर दबाव बनाने के लिए तैयार है। इसके अलावा क्रुणाल पांड्या और रोमारियो शेफर्ड जैसे ऑलराउंडर टीम को अतिरिक्त विकल्प प्रदान करते हैं। हालांकि, तेज गेंदबाजी में खिलाड़ियों की फिटनेस एक चिंता का विषय बनी हुई है।
हेजलवुड का चोटों से जूझने का इतिहास टीम के लिए जोखिम पैदा करता है, जबकि यश दयाल ने लंबे समय से प्रतिस्पर्धी क्रिकेट नहीं खेला है। बैकअप के तौर पर शामिल किए गए जैकब डफी और मंगेश यादव प्रतिभाशाली जरूर हैं, लेकिन उन्हें आईपीएल का ज्यादा अनुभव नहीं है। ऐसे में अगर मुख्य तेज गेंदबाजों में से कोई लंबे समय के लिए बाहर होता है, तो यह कमजोरी टीम पर भारी पड़ सकती है।
रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु की टीम
रजत पाटीदार (कप्तान), विराट कोहली, देवदत्त पडिक्कल, फिल सॉल्ट, जितेश शर्मा, क्रुणाल पांड्या, स्वप्निल सिंह, टिम डेविड, रोमारियो शेफर्ड, जैकब बैथेल, जोश हेजलवुड, यश दयाल, भुवनेश्वर कुमार, नुवान तुषारा, रासिख सलाम, अभिनंदन सिंह, सुयश शर्मा, वेंकटेश अय्यर, मंगेश यादव, जैकब डफी, सात्विक देसवाल, जॉर्डन कॉक्स, विहान मल्होत्रा, कानिष्क चौहान, विक्की ओस्तवाल।