दिल्ली में 67 दिन में आग से 15 की मौत और 93 झुलसे, फायर ब्रिगेड को रोज मिल रहीं 44 कॉल; गर्मी में बढ़ीं घटनाएं
दिल्ली में गर्मी बढ़ने के साथ आग लगने की घटनाओं में तेजी आई है। इस साल 1 जनवरी से 9 मार्च तक दमकल विभाग को 2,988 कॉल मिलीं, जिनमें 15 लोगों की मौत हुई ...और पढ़ें

दिल्ली फायर ब्रिगेड को आग लगने की रोज 44 शिकायतें मिल रहीं। जागरण
HighLights
1 जनवरी से 9 मार्च तक 2,988 आग की कॉल
आग की घटनाओं में 15 लोगों की मौत हुई
बिजली उपकरणों के सावधानीपूर्वक उपयोग की अपील
मोहम्मद साकिब, नई दिल्ली। राजधानी में गर्मी का मौसम शुरू होते ही आग लगने की घटनाओं में भी तेजी देखने को मिल रही है। दिल्ली अग्निशमन सेवा के आंकड़ों के अनुसार, इस वर्ष एक जनवरी से नौ मार्च तक आग लगने की 2,988 काॅल्स दमकल विभाग को प्राप्त हुई हैं।
15 लोगों की हुई मौत, 93 लोग झुलसे
ऐसे में प्रतिदिन करीब 44 काॅल आ रही हैं। इन घटनाओं में 15 लोगों की झुलसने से मौत हो गई, जबकि दमकलकर्मियों ने 93 लोगों को रेस्क्यू कर उनकी जान बचाई।
आंकड़ों के मुताबिक, बीते वर्ष के शुरुआती दो महीनों में आग लगने की 2,014 काल्स दमकल विभाग को मिली थीं, जिनमें आठ लोगों की झुलसने से मौत हुई थी। ऐसे में इस वर्ष घटनाओं और मौतों की संख्या बढ़ना चिंता का विषय बन गया है।
अब सदर बाजार में भी दो श्रमिकों की जान गई
दमकल विभाग के मुताबिक, हाल ही में होली के दिन सदर बाजार के 12 टूटी चौक स्थित एक पांच मंजिला इमारत में भीषण आग लग गई थी। इस हादसे में दो श्रमिकों की झुलसने से मौत हो गई थी।
आग इतनी तेजी से फैली कि इमारत में फंसे लोगों को बाहर निकलने का मौका भी नहीं मिला। दमकल विभाग की कई गाड़ियों ने मौके पर पहुंचकर काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया।
इसी दिन बाहरी दिल्ली के रिठाला इलाके में भी आग का बड़ा हादसा सामने आया था। यहां सौ से अधिक झुग्गियों में आग लग गई थी, जिससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई।
इस हादसे में एक किशोर की मौत हो गई, जबकि कई परिवारों का सामान जलकर राख हो गया। दमकल कर्मियों ने मौके पर पहुंचकर घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया।
दमकल विभाग के अधिकारी ने लोगों से अपील की कि गर्मी के मौसम में बिजली के उपकरणों का सावधानी से इस्तेमाल करें और आग से बचाव के उपायों को अपनाएं, ताकि इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।
इस वर्ष आग लगने की घटनाएं
| माह | आग लगने की कॉल्स | आग लगने से मौत | घायल | कुल कॉल्स |
|---|---|---|---|---|
| जनवरी | 1,396 | 6 | 39 | 2,785 |
| फरवरी | 1,096 | 6 | 47 | 5,256 |
| नौ मार्च तक | 496 | 3 | 7 | 890 |
गर्मियों में आग अधिक लगने के मुख्य कारण
- गर्मी में लोग एसी, कूलर, पंखे और अन्य इलेक्ट्राॅनिक्स उपकरण का अधिक उपयोग करते हैं, जिससे वायरिंग पर लोड बढ़ता है और शाॅर्ट सर्किट की संभावना बढ़ जाती है।
- अधिक तापमान के कारण गैस सिलेंडर, पेट्रोल, केमिकल या अन्य ज्वलनशील पदार्थों का दबाव बढ़ जाता है, जिससे रिसाव या विस्फोट का खतरा बढ़ जाता है।
- गर्मी के मौसम में तापमान बहुत अधिक हो जाता है। इससे ज्वलनशील चीजें जैसे कागज, लकड़ी, प्लास्टिक, कपड़ा आदि जल्द आग पकड़ लेते हैं।
- गर्मियों में वातावरण और वस्तुएं बहुत सूखी हो जाती हैं। सूखी घास, कचरा, लकड़ी या कपड़े में छोटी सी चिंगारी भी बड़ी आग में बदल सकती है।
- गर्मियों में चलने वाली तेज हवाएं छोटी आग को भी तेजी से फैलाकर बड़ी आग में बदल सकती हैं।
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