Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    ट्रेन के पार्सल वैन में अब बिना जांच नहीं जाएगा सामान, दिल्ली के 4 बड़े स्टेशनों पर लगीं स्कैनिंग मशीनें

    Updated: Wed, 05 Aug 2026 11:56 AM (IST)

    दिल्ली के चार प्रमुख रेलवे पार्सल केंद्रों पर अब उन्नत एक्स-रे स्कैनिंग सिस्टम लगाए गए हैं। यह प्रणाली प्रतिबंधित और खतरनाक वस्तुओं का पता लगाकर सुरक् ...और पढ़ें

    सांकेतिक तस्वीर। सौजन्य- AI Generated

    सांकेतिक तस्वीर। सौजन्य- AI Generated

    HighLights

    1. दिल्ली के चार प्रमुख पार्सल केंद्रों पर स्कैनर लगे।

    2. खतरनाक और प्रतिबंधित वस्तुओं का पता लगाने में सहायक।

    3. सुरक्षा बढ़ेगी, आग लगने का खतरा कम होगा।

    राज्य ब्यूरो, नई दिल्ली। रेलवे के पार्सल केंद्रों पर सामान की जांच की व्यवस्था नहीं होने का लाभ असमाजिक तत्व उठाते हैं। कई बार प्रतिबंधित वस्तुएं पार्सल वैन में रख दिया जाता है जिससे दुर्घटना की आशंका बनी रहती है।

    इसके समाधान के लिए दिल्ली के चार प्रमुख पार्सल केंद्रो नई दिल्ली, पुरानी दिल्ली, हजरत निजामुद्दीन और आनंद विहार टर्मिनल में एडवांस्ड एक्स-रे पार्सल स्कैनिंग सिस्टम लगाए गए हैं। इससे खतरनाक और प्रतिबंधित वस्तुओं का पता लगाया जा सकता है।

    पहले इन पार्सल केंद्रों पर ग्राहक द्वारा पैकेट में रखे गए सामान की जानकारी के आधार पर उसे ट्रेन के पार्सल वैन में लोड करने की अनुमति दे दी जाती थी। अब प्रत्येक पैकेट को पार्सल स्कैनर से गुजारना पड़ता है।

    अधिकारियों ने बताया कि पार्सल स्कैनर एरोसोल, केमिकल साल्वेंट और बैटरी जैसी ज्वलनशील चीजों का पता लगाकर आग लगने के खतरों को रोकने में मदद करता है। स्कैनर से पार्सल वैन में आग लगने के खतरे को कम करेगा, क्योंकि इससे प्रतिबंधित और अवैध सामान को रोकने में मदद मिलती है।

    खबरें और भी

    पार्सल में नहीं छिप सकेगी कोई खतरनाक चीज

    सुरक्षा एजेंसियों के लिए भी यह लाभदायक है क्योंकि शराब, ड्रग्स, गैर-कानूनी सामान या तस्करी की अन्य चीज़ों की पहचान करने में भी मदद मिलेगी। इससे नियमों का पालन सुनिश्चित होता। इससे मैन्युअल निरीक्षण के कारण होने वाली देरी कम हो जाती है क्योंकि स्वचालित एक्स-रे स्क्रीनिंग उच्च सुरक्षा मानकों को बनाए रखते हुए पार्सल की निकासी में तेजी लाता है।

    उत्तर रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी हिमांशु शेखर उपाध्याय ने कहा कि दिल्ली मंडल इस जोन के पार्सल ट्रैफिक का लगभग 79% हिस्सा संभालता है। पूरे नेटवर्क में सुरक्षा, कार्यक्षमता और नियमों के पालन को बेहतर बनाने के लिए पार्सल इंफ्रास्ट्रक्चर को अपग्रेड किया जा रहा है। अन्य पार्सल केंद्रों पर भी पार्सल स्कैनिंग की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।

    यह भी पढ़ें- रेल यात्रियों के लिए खुशखबरी, दोबारा पटरी पर दौड़ेगी बरेली-दिल्ली पैसेंजर ट्रेन

    यह भी पढ़ें- 70 दिनों तक दिल्ली छावनी स्टेशन पर नहीं रुकेंगी 13 ट्रेनें, देखें पूरी लिस्ट