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    Delhi SIR: चार जिलों में SIR फॉर्म का 100% वितरण पूरा, अब डिजिटलाइजेशन पर फोकस

    Updated: Sat, 18 Jul 2026 07:07 AM (IST)

    दिल्ली में 99.55% मतदाताओं को एसआइआर फार्म वितरित किए जा चुके हैं, अब चुनाव विभाग का ध्यान इनके डिजिटलीकरण पर है। हालांकि, डिजिटलीकरण की प्रक्रिया धीम ...और पढ़ें

    एआई जेनेरेटेड इमेज।

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    HighLights

    1. दिल्ली में 99.55% मतदाताओं को एसआइआर फार्म वितरित।

    2. अब तक 18% फार्मों का डिजिटलीकरण हुआ, दक्षिण-पूर्वी जिला पीछे।

    3. अंतिम मतदाता सूची अब 19 अक्टूबर को होगी प्रकाशित।

    जागरण संवाददाता, नई दिल्ली। दिल्ली के नई दिल्ली, पुरानी दिल्ली, उत्तर-पूर्वी और दक्षिणी दिल्ली में बीएलओ द्वारा शत- प्रतिशत मतदाताओं को एसआइआर फार्म वितरित किया जा चुका हैं।

    मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय द्वारा जारी रिपोर्ट के मुताबिक पूरी दिल्ली में अब तक कुल 1,44,44,600 फार्म बांटे जा चुके हैं, जो कुल मतदाताओं का 99.55 प्रतिशत है।

    वितरण कार्य लगभग पूरा होने के बाद अब चुनाव विभाग का पूरा ध्यान मतदाताओं द्वारा भरे फार्मों को आनलाइन पोर्टल और ऐप पर अपलोड करने पर टिक गया है।

    दक्षिण-पूर्वी जिला सबसे पीछे

    वर्तमान में करीब 18 प्रतिशत यानी 26,02,654 फार्म का डिजिटलाइजेशन पूरा कर लिया गया है, जिसमें 33.32 फीसद दर के साथ बाहरी-उत्तरी जिला सबसे आगे है, जबकि दक्षिण-पूर्वी जिला 11.22 प्रतिशत के साथ सबसे पीछे चल रहा है।

    इस बीच निर्वाचन आयोग ने एसआइआर कार्यक्रम के शेड्यूल में बदलाव करते हुए बीएलओ के घर- घर जाने की समय-सीमा को 29 जुलाई से बढ़ाकर 8 अगस्त कर दिया है।

    नए कार्यक्रम के तहत प्रारूप मतदाता सूची का प्रकाशन 17 अगस्त को होगा, जिसके बाद 16 सितंबर तक दावे और आपत्तियां दर्ज कराई जा सकेंगी।

    डेटा फीड करने में लगा रहा है समय

    इन आपत्तियों का निपटारा 15 अक्टूबर तक किया जाएगा और अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन पूर्व निर्धारित 7 अक्टूबर के स्थान पर अब 19 अक्टूबर को होगा। हालांकि, समय- सीमा बढ़ने के बावजूद चुनावी ड्यूटी में लगे शिक्षकों और आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं के सामने तकनीक और ऐप को लेकर बड़ी चुनौती खड़ी हो गई है।

    कर्मचारियों का कहना है कि मोबाइल एप्लिकेशन पर हर मतदाता के दस्तावेज स्कैन करने और डेटा फीड करने में काफी समय लग रहा है।

    इस पूरी कवायद के तहत मतदाताओं को दो प्रतियां दी जा रही हैं, जिसमें से एक प्रति वे स्वयं रख रहे हैं और दूसरी प्रति भरकर बीएलओ को सौंप रहे हैं, जिसे बाद में डिजिटल किया जा रहा है।

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