200 करोड़ मनी लॉन्ड्रिंग केस: जैकलीन फर्नांडिस ने सरकारी गवाह बनने की दी अर्जी, ईडी से मांगा जवाब
अभिनेत्री जैकलीन फर्नांडिस ने 200 करोड़ रुपये के मनी लॉन्ड्रिंग मामले में सरकारी गवाह बनने की अर्जी दी है। पटियाला हाउस कोर्ट ने प्रवर्तन निदेशालय (ईड ...और पढ़ें

200 करोड़ रुपये के मनी लॉन्ड्रिंग मामले में अभिनेत्री जैकलीन फर्नांडिस ने खुद को सरकारी गवाह बनाने की मांग की।
HighLights
जैकलीन ने 200 करोड़ मनी लॉन्ड्रिंग में सरकारी गवाह बनने की अर्जी दी।
पटियाला हाउस कोर्ट ने ईडी से जवाब मांगा, अगली सुनवाई 20 अप्रैल।
मामला ठग सुकेश चंद्रशेखर से जुड़ा, जैकलीन पहले आरोपी थीं।
जागरण संवाददाता, नई दिल्ली। पटियाला हाउस स्थित विशेष न्यायाधीश की अदालत ने 200 करोड़ रुपये के मनी लॉन्ड्रिंग मामले में अभिनेत्री जैकलीन फर्नांडिस ने खुद को सरकारी गवाह बनाने की मांग करते हुए याचिका दायर की। अदालत ने इस पर ईडी से जवाब मांगा है। विशेष न्यायाधीश प्रशांत शर्मा ने ईडी को नोटिस जारी करते हुए मामले की अगली सुनवाई 20 अप्रैल के लिए तय की है।
मामला ठग सुकेश चंद्रशेखर से जुड़ा है, जिस पर 200 करोड़ रुपये की ठगी और उससे जुड़े धन के मनी लांड्रिंग का आरोप है। जांच के दौरान ईडी ने जैकलीन को कई बार पूछताछ के लिए बुलाया था और बाद में पूरक आरोपपत्र में उन्हें पहली बार आरोपित बनाया गया।
सुप्रीम कोर्ट ने भी हाई कोर्ट के फैसले में हस्तक्षेप करने से इनकार किया
इससे पहले, पिछले वर्ष तीन जुलाई को दिल्ली हाई कोर्ट ने मनी लॉन्ड्रिंग मामले में दर्ज ईसीआइआर को रद करने की उनकी याचिका खारिज कर दी थी। इसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने भी हाई कोर्ट के फैसले में हस्तक्षेप करने से इनकार कर दिया था, जिससे उनके खिलाफ जांच जारी रही।
मूल मामला दिल्ली पुलिस द्वारा दर्ज किया गया था, जिसमें आरोप है कि सुकेश चंद्रशेखर ने रैनबैक्सी के पूर्व प्रमोटर्स शिविंदर सिंह और मलविंदर सिंह की पत्नियों से 200 करोड़ रुपये की ठगी की।
चंद्रशेखर और उसकी पत्नी के खिलाफ मकोका के तहत कार्रवाई
जांच एजेंसियों के अनुसार, चंद्रशेखर और उनकी पत्नी अभिनेत्री लीना पालोज ने हवाला नेटवर्क और शेल कंपनियों का इस्तेमाल कर अपराध से अर्जित धन को छिपाने और इधर-उधर करने का काम किया। दोनों को दिल्ली पुलिस ने गिरफ्तार किया था और इस मामले में मकोका के तहत भी कार्रवाई की गई।