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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 10, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Haryana: पंचायती राज के प्रशिक्षण से वंचित रह गए 63 हजार पंच-सरपंच, 14 महीने पहले हुआ था चुनाव

    Updated: Sat, 10 Feb 2024 10:15 PM (IST)

    हरियाणा में 14 महीने पहले 6201 सरपंच और 60039 पंच चुने गए थे। अभी भी तीन हजार से ज्यादा सरपंच और सभी पंच प्रशिक्षण से वंचित हैं। अब दोबारा प्रशिक्षण क ...और पढ़ें

    पंचायती राज के प्रशिक्षण से वंचित रह गए 63 हजार पंच-सरपंच (प्रतीकात्मक)।
    पंचायती राज के प्रशिक्षण से वंचित रह गए 63 हजार पंच-सरपंच (प्रतीकात्मक)।

    सुरेश मेहरा, भिवानी। 14 माह पहले प्रदेश में 6,201 सरपंच और 60,039 पंच चुने गए थे। इनको पंचायतों के विकास कार्यों को लेकर राज की बारीकियां सिखाई जानी थी लेकिन करीब आधे सरपंचों को ही ट्रेनिंग हो पाई और बाद में यह कार्य अधर में लटक गया। यूं कहे कि आधे सरपंच और सभी सरपंच पंचायतीराज का क...ख...ग... तक नहीं सीख पाए। अभी भी तीन हजार से ज्यादा सरपंच और सभी पंच प्रशिक्षण से वंचित हैं। अब दोबारा प्रशिक्षण का अभियान पटरी पर आएगा या नहीं यह समय के गर्भ में है। राष्ट्रीय ग्राम स्वराज अभियान के तहत प्रशिक्षण होने थे।

    लोकसभा और विधानसभा की तरह सेशन की तैयारी भी अधूरी

    मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कहा था कि पंचायती राज संस्थाओं के कार्यालय होने चाहिए। सरकार ने ग्राम सचिवालय की कल्पना की थी और कुछ बने भी पर यह प्लान पूरी तरह से सिरे नहीं चढ़ पाई। इसके अलावा पंचायती राज संस्थाओं में भी लोकसभा व विधानसभा की तरह एक या दो दिन का सेशन चलाने पर भी विचार किया था। इनमें जनप्रतिनिधि अपने क्षेत्र की समस्याओं को उठा सकते थे और अच्छे प्रस्ताव पास होते। गांवों में युवाओं व एनजीओ आदि की समिति बनाई जानी थी ताकि वह गांव में सुधार करे और भ्रष्टाचार आदि पर निगरानी रखे। यह सब भी पूरी तरह से नहीं हो पाया।

    प्रशिक्षण में ये पढ़ाया जाना था पाठ

    पंच और सरपंचों के प्रशिक्षण में पंचायतीराज की बारीकियों को लेकर जानकारी देना। केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं के बारे बताना। सरपंच और पंचों के कर्तव्य और अधिकारों से अवगत कराना। पंचायत जमीन का रखरखाव के बारे में समझाना। पंचायत प्रस्ताव कैसे लिखे जाएंगे इसके बारे में बताना। ग्राम सभा और ग्राम पंचायत की बैठक कैसे करें। पंचायत की आमदनी कैसे बढ़ाई जाए। पंचायती राज एक्ट, अकाउंट मेंटेन करने आदि के बारे में जानकारी देना। इसके अलावा अन्य अनेक तरह की जानकारी भी प्रशिक्षण के दौरान दी जानी थी।

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    प्रदेश में ये हैं सरपंच और पंच

    प्रदेश में सरपंच      6201

    प्रदेश में पंच         60039

    पुरुष सरपंच         3181

    महिला सरपंच       3020

    पुरुष पंच             31828

    महिला पंच           28211

    पंचायती राज की बारीकियों से अनजान जनप्रतिनिधि

    कालुवास के सरपंच आशीष कुमार ने कहा कि पंचायतराज की बारीकियां सिखाने के लिए प्रशिक्षण कार्य होना था। इसे शुरू भी किया गया पर आधे से ज्यादा सरपंचों को यह प्रशिक्षण नहीं दिया गया। पंचों को तो प्रशिक्षण दिया ही नहीं गया। पंचायत प्रतिनिधियों के प्रति सरकार की बेरूखी ही रही है।

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    एनआईआरडी हैदराबाद के सीनियर रिसोर्स पर्सन आरसी पूनिया ने कह कि पंचायती राज रूल, तकनीक और अकाउंट आदि को लेकर पंचायतीराज जन प्रतिनिधियों को ज्ञान नहीं होता। ग्राम पंचायत विकास योजना योजनाओं के बारे में ये अनजान होते हैं। पंचायत जन प्रतिनिधियों को समय-समय पर प्रशिक्षण की बात तो होती है पर इसे अनदेखा कर दिया जाता है जो गांवों के विकास में बाधक कहा जा सकता है।

    हरियाणा के पंचायत मंत्री दवेंद्र बबली ने कहा कि पंच और सरपंचों की ट्रेनिंग जल्द शुरू करवाई जाएगी। इसको लेकर प्रक्रिया जारी है।

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