यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 27, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Nuh Violence: जलाभिषेक यात्रा के लिए अड़े हिंदू संगठनों के नेताओं पर पुलिस की नजर, सुरक्षा के कड़े इंतजाम
Nuh Violence 31 जुलाई को जलाभिषेक यात्रा के दौरान हुई हिंसा के बाद पटरी पर आ रही शांति व्यवस्था में कोई बाधा आए इसको लेकर प्रशासन तथा सरकार सजग है। नू ...और पढ़ें

HighLights
- प्रशासन ने जिला की सभी सीमा रविवार शाम से सील करने का निर्णय लिया
- 31 जुलाई को जलाभिषेक यात्रा के बाद पटरी पर आ रही है शांति व्यवस्था
नूंह, जागरण संवाददाता। Nuh Violence: 31 जुलाई को जलाभिषेक यात्रा के दौरान हुई हिंसा के बाद पटरी पर आ रही शांति व्यवस्था में कोई बाधा आए इसको लेकर प्रशासन तथा सरकार सजग है। नूंह प्रशासन ने पहले ही कह दिया है कि नल्हड़ मंदिर से निकलने वाली धार्मिक यात्रा को निकालने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
मुख्यमंत्री मनोहर लाल की ओर से भी अपील की गई है कि सभी लोग सोमवार को अपने घरों के पास बने मंदिर में महादेव का जलाभिषेक करें। नूंह उपायुक्त धीरेंद्र खड़गटा की ओर से भी यही अपील की जा रही है। प्रशासन ने जिला की सभी सीमा रविवार शाम से सील करने का निर्णय लिया है।
भारी पुलिस बल तैनात
जिला में 20 कंपनी अर्धसौनिक बल तथा दस कंपनी पुलिस बल पहले से ही तैनात है। दूसरे जिलो से भी शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए अपनी-अपनी जिले की नूंह से सटी सीमा पर नाकेबंदी रखने का कहा गया है। इमरजेंसी सेवा से जुड़े वाहनों को ही जिला में प्रवेश करने दिया जाएगा।
प्रदेश मुख्यालय की ओर से निर्देश जारी
यात्रा निकालने की घोषणा करने वाले हिंदू संगठनों को उनके घर पर ही रोकने की तैयारी पुलिस तथा प्रशासन की ओर से की जा रही है। प्रदेश मुख्यालय की ओर से इसके लिए निर्देश भी जारी कर दिए हैं।
खबरें और भी
गुरुग्राम, पलवल, फरीदबाद तथा रेवाड़ी सहिम कई जिला के उपायुक्त के अलर्ट रहने को कहा गया है। सीआईडी की ओर से ऐसे पदाधिकारियों की लिस्ट भी बनाई जा रही है।