यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 10, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Haryana News: ' Smart City को लेकर श्वेतपत्र जारी करे सरकार', सांसद कुमारी सैलजा ने लगाए घोटाले के गंभीर आरोप
हरियाणा में स्मार्ट सिटी (Smart City in Haryana) के नाम पर घोटालों को अंजाम दिया गया है। इसके लिए सरकार श्वेत पत्र जारी करे। ये कहना है सिरसा की सांसद ...और पढ़ें

HighLights
- कुमारी सैलजा ने स्मार्ट सिटी बनाने के नाम पर जमकर घोटाले के लगाए आरोप
- सिरसा सांसद ने सरकार से श्वेत पत्र जारी करने की कही बात
राज्य ब्यूरो, चंडीगढ़। कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव और सिरसा की सांसद कुमारी सैलजा ने कहा कि स्मार्ट सिटी को लेकर सरकार श्वेतपत्र जारी करे। आज तक फरीदाबाद और करनाल स्मार्ट सिटी बने नहीं, अब हिसार और पंचकूला को भी स्मार्ट सिटी बनाने का दावा किया जा रहा है। उन्होंने स्मार्ट सिटी बनाने के नाम पर जमकर घोटाले का आरोप लगाते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है।
स्मार्ट सिटी के नाम पर बहाए जा रहे करोड़ों रुपये- कुमारी सैलजा
सांसद कुमारी सैलजा ने कहा कि स्मार्ट सिटी के नाम पर करोड़ों रुपये पानी में बहाकर भी लोगों को गंदगी के ढेर मिल रहे हैं। टूटी-फूटी सड़कों पर हिचकौले खाने को मिल रहे हैं। केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल ने बताया था कि वर्ष 2015 से अब तक स्मार्ट सिटी को लेकर देश में 46 हजार करोड़ रुपये जारी किए गए हैं। अब 2400 करोड़ रुपये और जारी करने की बात कही जा रही है।
ये भी पढ़ें: Haryana News: HSSC जल्द करेगी 50 हजार पदों पर भर्ती, 7500 अध्यापकों को दिए गए नियुक्ति पत्र
फरीदाबाद को स्लम बस्ती के नाम से जानते लोग- कुमारी सैलजा
उन्होंने कहा कि बजट के हिसाब से देखा जाए तो एक-एक शहर के हिस्से में 500-500 करोड़ रुपये आते हैं। आज फरीदाबाद के हालात किसी से छिपे नहीं हैं। जगह-जगह पर गंदगी के ढेर लगे हुए हैं। कचरा प्रबंधन के नाम पर करोड़ों रुपये खर्च किए गए, पर कचरा प्रबंधन दिखाई नहीं देता। हालात ये हैं कि लोग फरीदाबाद को स्लम बस्ती के नाम से जानते हैं।
सैलजा ने करनाल में अवैध कॉलोनियों का उठाया मुद्दा
सैलजा ने कहा कि बरसात में साइबर सिटी गुरुग्राम में होने वाली दुर्गति सभी ने देखी है। करनाल में अवैध कॉलोनियां पनप रही हैं। कॉलोनियां में मूलभूत सुविधाएं तो दूर, बल्कि गंदगी और जलभराव की समस्या का समाधान तक नहीं हो पाता। स्मार्ट सिटी के नाम पर करोड़ों रुपये पानी की तरह बहा दिए गए। हरियाणा में अनेक शहर ऐसे है जहां पर लोग नरकीय जीवन जीने को मजबूर हैं।