हिमाचल सरकार ने एटीएस पर बदला निर्णय, अब आरटीओ से भी करवा सकेंगे वाहनों की जांच; नए आदेश में क्या?
हिमाचल सरकार ने कांगड़ा जिले में वाहन फिटनेस जांच प्रणाली में बदलाव किया है। अब ऑटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशन (एटीएस) के साथ-साथ संबंधित रजिस्ट्रेशन अथॉरिट ...और पढ़ें

हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविन्द्र सिंह सुक्खू। जागरण आर्काइव
HighLights
कांगड़ा में वाहन फिटनेस जांच प्रणाली में बदलाव।
एटीएस के साथ आरटीओ भी कर सकेंगे जांच।
स्थानीय लोगों की दिक्कतों को देखते हुए निर्णय।
राज्य ब्यूरो, शिमला। हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिला में वाहन फिटनेस जांच की व्यवस्था में बदलाव को लेकर विरोध के बीच सरकार ने बड़ा निर्णय लिया है। कांगड़ा जिला में फिटनेस प्रमाणपत्र के नवीनीकरण को वाहनों की जांच अब आटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशन (एटीएस) के अतिरिक्त संबंधित रजिस्ट्रेशन अथॉरिटी दोनों जगह समानांतर रूप से होगी।
सरकार की मंजूरी के बाद अतिरिक्त मुख्य सचिव परिवहन आरडी नजीम की ओर से इस संबंध में अधिसूचना जारी कर दी है। यह व्यवस्था कांगड़ा और नगरोटा बगवां के रजिस्ट्रेशन अथारिटी पर लागू नहीं होगी।
केंद्र से उठाया था मामला
राज्य सरकार ने यह निर्णय केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय के दिशा-निर्देशों के बीच लिया गया है। अतिरिक्त मुख्य सचिव की ओर से हाल ही में केंद्र से भी यह मामला उठाया था। अभी तक केंद्र की ओर से कोई जवाब नहीं आया है। कांगड़ा जिले के रानीताल में एटीएस स्थापित किया गया है, जिसका संचालन एसए एसोसिएट द्वारा किया जा रहा है। यह स्टेशन 16 जनवरी से कार्यशील है।
पहली अप्रैल को बंद कर दी थी प्रणाली
केंद्र सरकार ने पहली अप्रैल से कांगड़ा जिला में सभी रजिस्ट्रेशन और लाइसेंसिंग प्राधिकरणों में परिवहन प्रणाली के माध्यम से फिटनेस जांच और प्रमाणपत्र जारी करने की सुविधा बंद कर दी थी। इस के कारण स्थानीय स्तर पर लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था। निजी ऑपरेटरों ने इसका विरोध किया था। विरोध स्वरूप इसको लेकर एक दिन के लिए चक्का जाम भी किया गया था। राज्य सरकार ने केंद्र से छह महीने की छूट देने की भी मांग की थी, ताकि पारंपरिक (मैनुअल) और स्वचालित दोनों व्यवस्थाएं कुछ समय तक साथ-साथ चल सकें।
सरकार ने स्पष्ट किया है कि जब तक केंद्र सरकार से इस संबंध में अंतिम अनुमति नहीं मिलती, तब तक जन सुविधा और सेवा निरंतरता को ध्यान में रखते हुए यह अंतरिम व्यवस्था लागू रहेगी। राज्य सरकार ने नेशनल इनफॉर्मेटिक सेंटर (एनआइसी) को निर्देश दिए गए हैं कि वे तुरंत “वाहन” पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन अथॉरिटी द्वारा फिटनेस प्रमाणपत्र जारी करने की सुविधा पुनः सक्रिय करें।