हिमाचल में सप्ताहभर भारी बारिश का अलर्ट, 2 दिन खतरे से खाली नहीं; लैंडस्लाइड व फ्लैश फ्लड से 185 सड़कें बंद
हिमाचल प्रदेश में भारी वर्षा और भूस्खलन के कारण 185 सड़कें बंद हैं, साथ ही बिजली व पेयजल आपूर्ति भी बाधित हुई है। मौसम विभाग ने अगले 7 दिनों तक भारी व ...और पढ़ें

हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।
HighLights
भूस्खलन और मलबे के कारण 185 सड़कें अवरुद्ध।
अगले 7 दिनों तक भारी वर्षा का अलर्ट जारी।
10 और 11 अगस्त को अत्यधिक भारी वर्षा की संभावना।
राज्य ब्यूरो, शिमला। हिमाचल प्रदेश में मानसून का प्रकोप लगातार बढ़ता जा रहा है। भारी वर्षा और भूस्खलन के कारण प्रदेश की रफ्तार पर ब्रेक लग गई है। शनिवार सुबह 10 बजे तक प्रदेशभर में 185 सड़कें भूस्खलन व मलबे के कारण पूरी तरह से ठप हैं। इसके साथ ही 104 बिजली के ट्रांसफार्मर और 77 पेयजल आपूर्ति योजनाएं बाधित हो गई हैं। लोगों को पीने के पानी के संकट का सामना करना पड़ रहा है।
मौसम विज्ञान केंद्र शिमला द्वारा जारी ताजा पूर्वानुमान के अनुसार, प्रदेश में अगले 7 दिनों तक भारी वर्षा का दौर जारी रहेगा। 10 और 11 अगस्त को राज्य के अलग-अलग हिस्सों में 'भारी से बहुत भारी वर्षा होने की संभावना जताई गई है, जिसके लिए अलर्ट जारी किया गया है।
धर्मशाला सबसे अधिक वर्षा
गत 24 घंटों में कांगड़ा जिले के धर्मशाला में सर्वाधिक 48.1 मिलीमीटर, कुल्लू के बजौरा में 31.5, मनाली में 22.0, मंडी के स्लापड में 21.8 और शिमला में 15 मिलीमीटर वर्षा हुई है।
कहां कितनी सड़कें बंद
राज्य में सबसे अधिक मंडी जिले में 92 मार्ग अवरुद्ध हैं। कुल्लू में 48, शिमला में 14, चंबा में 14 और सिरमौर में 9 सड़कें बंद पड़ी हैं। सिरमौर जिले में 55 जलापूर्ति योजनाएं और कुल्लू में 53 बिजली ट्रांसफार्मर पूरी तरह से बंद पड़े हैं। प्रशासन ने लोगों और पर्यटकों को नदी-नालों तथा भूस्खलन संभावित क्षेत्रों से दूर रहने की सख्त हिदायत दी है।